MP Board Class 12th Maths Book Solutions Chapter 5 सांतत्य तथा अवकलनीयता
MP Board Class 12th Maths Book Solutions Chapter 5 सांतत्य तथा अवकलनीयता
Ex 5.1
प्रश्न 1.
सिद्ध कीजिए कि फलन f(x) = 5x – 3, x = 0, x = – 3 तथा x = 5 पर संतत है।
हल:

प्रश्न 2.
x = 3 पर फलन f(x) = 2x2 – 1 के सातत्य की जाँच कीजिए :
हल:
∵ f(x) = 2x2 – 1
∴ f(3) = 2 x 32 – 1 = 17
limx→3f(x) = limx→3(2x2–1)
= 2 × 9 – 1 = 17
अतः f(x), x = 3 पर सतत् है।
प्रश्न 3.
निम्नलिखित फलनों के सातत्य की जाँच कीजिए
हल:
(a) f(x) = x – 5
(x – 5) एक बहुपदीय व्यंजक है।
अतः हर बिन्दु x ϵ R पर संतत है।



अतः f, x = 5 पर संतत है।
पुनः x < 5 पर f(x) = x – 5, जो कि एक बहुपद है इसलिए f, x > 5 पर संतत है
x < 5 पर
f(x) = – (x – 5) = 5 – x, जो कि एक बहुपद है
∴ f, x < 5 पर संतत है
अतः f, x की समस्त मान के लिए संतत है।
प्रश्न 4.
सिद्ध कीजिए कि फलन f(x) = xn, x = n, संतत है, जहाँ n एक धन पूर्णांक है।
हल:
∵ n एक धन पूर्णांक है
∴ f(x) = xn एक बहुपद हैं
इसलिए x = n पर f एक संतत है।
प्रश्न 5.
क्या 
द्वारा परिभाषित फलन f, x = 0, x = 1 तथा x = 2 पर संतत है।
हल:

f के सभी असातत्य के बिन्दुओं को ज्ञात कीजिए, जबकि f निम्नलिखित प्रकार से परिभाषित है –
प्रश्न 6.

हल:


प्रश्न 7.

हल:



प्रश्न 8.

हल:


प्रश्न 9.

हल:


प्रश्न 10.

हल:


प्रश्न 11.

हल:


प्रश्न 12.

हल:


प्रश्न 13.
क्या 
परिभाषित फलन, एक संतत फलन है?
हल:

फलन f के सातत्य पर विचार कीजिए, जहाँ f निम्नलिखित द्वारा परिभाषित है-
प्रश्न 14.

हल:

⇒ L.H.L. ≠ R.H.L.
∴ f बिन्दु x = 3 पर संतत नहीं है।
अतः x = 1 व x = 3 पर f असांत्यता है।
प्रश्न 15.

हल:


⇒ L.H.L. ≠ R.H.L.
अतः f (x), x = 1 पर संतत नहीं है। पुनः x > 1 के लिए,
f(x) = 4x, जो कि बहुपद है।
∴ x > 1 पर f सतत होगा।
अतः x = 1 के अतिरिक्त f सभी बिन्दुओं पर संतत होगा अथवा केवल x = 1 पर असांतत्य होगा।
प्रश्न 16.

हल:


प्रश्न 17.
a और b के उन मानों को ज्ञात कीजिए। जिनके लिए

द्वारा परिभाषित फलन x = 3 पर संतत है।
हल:

अत: b के प्रत्येक मान के लिए इसके संगत a का मान ज्ञात कर सकते हैं।
प्रश्न 18.
λ के किस मान के लिए

द्वारा परिभाषित फलन x = 0 पर संतत है। x = 1 पर इसके सांतत्य पर विचार कीजिए।
हल:

प्रश्न 19.
दर्शाइए कि g(x) = x – [x] द्वारा परिभाषित फलन समस्त पूर्णांक बिन्दुओं पर असंतत है। यहाँ [x] उस महत्तम पूर्णाक निरूपित करता है, जो x के बराबर या x से कम है।
हल:
x = c पूर्णांक पर, f(x) = x – [x]

प्रश्न 20.
क्या f(x) = x2 – sin x + 5 द्वारा परिभाषित फलन x = π पर संतत है?
हल:
माना f(x) = x2 – sin x + 5

प्रश्न 21.
निम्नलिखित फलनों के सातत्य पर विचार कीजिए –
(a) f(x) = sin x + cosx
(b) f(x) = sin x – cosx
(c) f(x) = sin x. cosx
हल:



प्रश्न 22.
cosine, cosecant, secant और cotangent फलनों के सातत्य पर विचार कीजिए।
हल:
(a) माना f(x) = cos x


प्रश्न 23.
f के सभी असातत्यता के बिन्दुओं को ज्ञात कीजिए, जहाँ

हल:

तथा f(0) = 0 + 1 = 1
∴ x = 0 पर f संतत फलन है।
जब x > 0, f(x) = x + 1, जो कि बहुपद है।
∴ f एक संतत फलन होगा।
अतः f प्रत्येक बिन्दु पर संतत फलन है।
प्रश्न 24.
निर्धारित कीजिए कि फलन f

द्वारा परिभाषित एक संतत फलन है।
हल:


प्रश्न 25.
f के सातत्य की जाँच कीजिए, जहाँ f निम्नलिखित प्रकार से परिभाषित है-

हल:

∴ x = c ≠ 0 पर f संतत है।
अत: x ϵ R, सभी बिन्दुओं पर f संतत है।
प्रश्न 26 से 29 में k के मानों को ज्ञात कीजिए ताकि प्रदत्त फलन निर्दिष्ट बिन्दु पर संतत हो-
प्रश्न 26.

द्वारा परिभाषित फलन x =
पर।
हल:
x =
पर,


प्रश्न 27.

द्वारा परिभाषित फलन x = 2 पर।
हल:

प्रश्न 28.

द्वारा परिभाषित फलन x = π पर।
हल:

प्रश्न 29.

द्वारा परिभाषित फलन x = 5 पर
हल:

प्रश्न 30.
a तथा b के मानों को ज्ञात कीजिए ताकि

द्वारा परिभाषित फलन एक संतत फलन हो।
हल:
प्रश्न (15) की भाँति करें।
x = 3 पर
L.H.L. = 5
R.H.L. = 2a + b
तथा f(2) = 5
∵ f(x) x = 2 पर संतत फलन है।
∴ L.H.L. = R.H.L.
2a + b = 5
पुनः f (x), x = 10 पर संतत है।
∴ L.H.S. = R.H.S. = f(10)

प्रश्न 31.
दर्शाइए कि f(x) – cos (x2) द्वारा परिभाषित फलन एक संतत फलन है
हल:
f(x) = cos(x2)
माना g(x) = cosx तथा h (x) = x2
∴ goh (x) = g[h (x)] = g(x2)
= cos (x2) = f(x)
∵ g (x) एक कोज्या (cosine) का एक फलन है जो कि संतत होता है।
तथा h (x) एक बहुपद है।
इसलिए f(x) भी एक संतत फलन है।
प्रश्न 32.
दर्शाइए कि f(x) = | cos x| द्वारा परिभाषित फलन एक संतत फलन है।
हल:
यहाँ f(x) = |cosx|
सर्वप्रथम माना x = c ϵ R पर,
![]()
f(c) = |cosc|
अतः x = C ϵ R पर एक संतत फलन है।
प्रश्न 33.
जाँचिए कि क्या sin |x|एक संतत फलन है।
हल:
माना f(x) = sin |x|
प्रथम विधि-
x = c ϵ R पर,
![]()
f(c) = sin |c|
अतः x = c ϵ R पर एक संतत फलन है।
दूसरी विधि से-
माना g (x) = sin x, h (x) = |x|
f(x) = (goh)(x) = g (h (x)) = g (|x|) = sin |x|
g(x) = sin x 3ite h(x) = |x|
g और h दोनों संतत फलन हैं।
अतः f भी संतत फलन है।
प्रश्न 34.
f(x) = |x| – |x + 1| द्वारा परिभाषित फलन के सभी असांत्यता के बिन्दुओं को ज्ञात कीजिए।
हल:
यहाँ f(x) = |x| – |x + 1|
f(x) = -x[ – (x +1)], [जब x < – 1]
= – x + x + 1 = 1
f(x) = – x – (x + 1), [जब -1 ≤ x < 0]
= – x – x – 1
= – 2x – 1
f(x) = x – (x + 1), जब x ≥ 0
= x – x – 1 = – 1



Ex 5.2
प्रश्न 1 से 8 में x के सापेक्ष निम्नलिखित फलनों का अवकलन कीजिए –
प्रश्न 1.
sin (x2 + 5)
हल:
माना y = sin (x2 + 5)
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 2.
cos (sin x)
हल:
माना y = cos (sin.x)

प्रश्न 3.
sin (ax + b)
हल:
माना y = sin (ax + b)
ax + b = 1 रखने पर,

प्रश्न 4.
sec(tan (√x)]
हल:
माना y = sec(tan (√x)]
दोनों ओर x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 5.
![]()
हल:

प्रश्न 6.
cosx3 sin2 (x5)
हल:
माना y = cosx3. sin2 (x5)
दोनों ओर x के सापेक्ष अवकलन करने पर

प्रश्न 7.



प्रश्न 8.

प्रश्न 9.
सिद्ध कीजिए कि फलन f(x) =|x – 1|, x ϵ R, x = 1 पर अवकलित नहीं है।
हल:
यहाँ f(x) = |x – 1|, x ϵ R

प्रश्न 10.
सिद्ध कीजिए कि महत्तम पूर्णांक फलन f(x) = [x], 0 < x < 3, x = 1 तथा x = 2 पर अवकलित नहीं है।
हल:
f(x) = [x]

अतः x = 2 पर f अवकलनीय नहीं है।
Ex 5.3
निम्नलिखित प्रश्नों में
ज्ञात कीजिए
प्रश्न 1.
2x + 3y = sin x
हल:
2x + 3y = sinx
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 2.
2x + 3y = siny
हल:
यहाँ 2x + 3y = sin y
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 3.
ax + by2 = cosy
हल:
यहाँ ax + by2 = cos y
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 4.
xy + y2 = tan x + y
हल:
यहाँ xy + y2 = tan x + y
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 5.
x2 + xy + y2 = 100
हल:
x2 + xy + y2 = 100
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 6.
x2 + x2y + xy2 + y3 = 81
हल:
यहाँ x2 + xy + xy2 + y3 = 81
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 7.
sin2 y + cos xy = π
हल:
यहाँ sin 2y + cos xy = π
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 8.
sin2 x + cos2y = 1
हल:
∵ sin2 x + cos2 y = 1
दोनों ओर x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 9.

प्रश्न 10.

हल:

प्रश्न 11.

हल:

प्रश्न 12.

हल:

प्रश्न 13.

हल:

प्रश्न 14.

हल:

प्रश्न 15.

हल:

Ex 5.4
निम्नलिखित का x के सापेक्ष अवकलन कीजिए-
प्रश्न 1.

प्रश्न 2.
esin-1x
हल:
माना y = esin-1x
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 3.
ex3
हल:
माना y = ex3
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 4.
sin (tan-1e-x)
हल:
माना y = sin (tan-1e-x)
के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 5.
log (cos ex)
हल :
माना y = log (cos ex)
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 6.
ex + ex2 + … + ex2
हल :
माना y = ex + ex2 + ex3 + ex4 + ex5
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 7.

x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 8.
log (log x), x > 1
हल :
माना y = log (logx)
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 9.

x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 10.
cos (log x + ex)
हल:
माना y = cos (log x + ex)
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

Ex 5.5
प्रश्न 1 से 11 तक के प्रश्नों में प्रदत्त फलनों का x के सापेक्ष अवकलन कीजिए-
प्रश्न 1.
cosx. cos 2x. cos3x
हल:
माना y = cosx. cos 2x. cos3x
दोनों ओर log लेने पर
logy = log [cos x. cos 2x. cos3x]
= log cosx + log cos 2x + log cos3x
दोनों ओर x के सापेक्ष अवकलन करने पर

प्रश्न 2.

हल:


प्रश्न 3.
(log x)cos x
हल:

माना y = (log x)cos x
दोनों पक्षों का लघुगणक लेने पर,

प्रश्न 4.
xx – 2sin x
हल:
माना y = xx – 2sinx
= u – v (माना)
जबकि u = x, v = 2sinx
दोनों ओर लघुगणक लेने पर,
log u = log xx = xlogx
x के सापेक्ष दोनों अवकलन करने पर,

प्रश्न 5.
(x + 3)2 . (x + 4)3 . (x + 5)4
हल:
माना = (x + 3)2 . (x + 4)3 . (x + 5)4
दोनों ओर लघुगणक लेने पर,
log y = log [(x + 3)2 . (x + 4)3 (x + 5)4]
log y = log (x + 3)2 + log (x + 4)3 + log (x + 5)4
[∵ log mn = log m + log n]
log y = 2log (x + 3) + 3 log (x + 4) + 4 log (x + 5) [∵ log mn = n log m]
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,


प्रश्न 6.

हल:



प्रश्न 7
(log x)x + x log x
हल:
माना y = (log x)x + x log x
= u + v (माना)
![]()


प्रश्न 8.
(sin x)x + sin-1 √x
हल:
माना y = (sin x)x + sin-1 √x
= u + v (माना)
∴ u = (sin x)x
दोनों ओर लघुगणक लेने पर,
log u = log (sin x)x = x log sin x
दोनों तरफ अवकलन करने पर,

प्रश्न 9.
xsin x + (sin x)cos x
हल:
माना y = xsin x + (sin x)cos x
माना u = xsin x …(i)
तथा v = (sin x)cosx …(ii)
∴ y = u + v …(iii)
समी० (i) व (ii) में दोनों पक्षों का लघुगणक लेने पर
log u = sin x log x तथा log v = cos x log sin x


प्रश्न 10.
![]()
हल:



प्रश्न 11.
(x cos x)sin x + (x sin x)1/x
हल:
माना y = (x cos x)sin x + (x sin x)1/x
= u + v (माना)



प्रश्न 12 से 15 तक के प्रश्नों में प्रदत्त फलनों के लिए ज्ञात कीजिए।
प्रश्न 12.
xy + yx = 1
हल:
xy + yx = 1
दोनों पक्षों का लघुगणक लेने पर
y log x + x log y = 0 [∵log 1 0)
दोनों ओर x के सापेक्ष अवकलन करने पर

प्रश्न 13.
yx = xy
हल:
y = x दोनों ओर लघुगणक लेने पर
logyx = log xy
⇒ x log y = y log x
अब x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 14.
(cosx)y = (cos y)x
हल:
(cosx)y = (cos y)x
दोनों ओर का लघुगणक लेने पर
ylog (cos.x) = x log (cos y)
दोनों पक्षों का x के सापेक्ष अवकलन करने पर

प्रश्न 15.
xy = e(x-y)
हल:
दोनों ओर का लघुगणक लेने पर,
logxy = logex-y
⇒ log x + log y = (x – y) loge
⇒ logx + logy = x – y (∵ log e = 1)
दोनों ओर x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 16.
f(x) = (1 + x) (1 + x2) (1 + x4) (1 + x8) द्वारा प्रदत्त फलन का अवकलज ज्ञात कीजिए और इस प्रकार f(1) ज्ञात कीजिए।
हल:
f(x) = (1 + x) (1 + x2) (1 + x4) (1 + x8)
∴ log f(x) = log (1 + x) + log (1 + x2) + log (1 + x4) + log (1 + x8)
दोनों ओर का अवकलन करने पर,

प्रश्न 17.
(x2 – 5x + 8) (x3 + 7x + 9) का अवकलन निम्नलिखित तीन प्रकार से कीजिए-
(i) गुणनफल नियम का प्रयोग करके
(ii) गुणनफल के विस्तारण द्वारा एक एकल बहुपद प्राप्त करके
(iii) लघुगणकीय अवकलन द्वारा यह भी सत्यापित कीजिए कि इस प्रकार प्राप्त तीनों उत्तर समान है।
हल:
(i) गुणनफल नियम का प्रयोग
माना = (x2 – 5x + 8).(x3 + 7x + 9)
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,



प्रश्न 18.
यदि u, v तथा w, x के फलन हैं तो दो विधियों अर्थात् प्रथम गुणनफल नियम की पुनरावृत्ति द्वारा, द्वितीय-लघुगणकीय अवकलन द्वारा दर्शाइए कि

हल:


Ex 5.6
यदि प्रश्न संख्या 1 से 10 तक में x तथा y के दिए समीकरणों द्वारा, एक-दूसरे से प्राचलिक रूप में सम्बन्धित हों तो प्राचलों का विलोपन किए बिना
ज्ञात कीजिए।
प्रश्न 1.
x = 2at2, y = at4
हल:
x = 2at2, y = at4
t के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 2.
x = a cosθ, y = b cosθ
हल:
x = acos θ, y = bcosθ
θ के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 3.
x = sint, y = cos 2t
हल:
x = sin t, y = cos 2t
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 4.

प्रश्न 5.
x = cos θ – cos 2θ, y = sin θ – sin 2θ
हल:
x = cos θ- cos 2θ, y = sin θ – sin 2θ
θ के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 6.
x = a(θ – sinθ), y = a(1 + cos θ)
हल:
x = a(θ – sinθ), y = a(1 + cos θ)
θ के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 7.

हल:


प्रश्न 8.

प्रश्न 9.
x = a sec θ, y = b tan θ
हल:
x = a sec θ तथा y = b tan θ

प्रश्न 10.
x = a (cos θ + θ sin θ),
y = a (sin θ – θ cos θ)
हल:
x = a (cos θ + θ sin θ), y = a (sin θ – θ cos θ)

प्रश्न 11.
![]()
हल:


Ex 5.7
प्रश्न संख्या 1 से 10 तक में दिए फलनों के द्वितीय कोटि के अवकलज ज्ञात कीजिए-
प्रश्न 1.
x2 + 3x + 2
हल:
माना y = x2 + 3x + 2

प्रश्न 2.
x20
हल:
माना y = x20
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 3.
xcosx
हल:
माना y = x cosx

प्रश्न 4.
log x
हल:
y = logx
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 5.
x3 log x
हल:
माना y = x3 logx

प्रश्न 6.
ex sin 5x
हल:
माना y = exsin 5x
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 7.
e6x cos 3x
हल:
माना y = e6x cos 3x
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

= e6x [-6sin 3x. 3 – 3cos 3x. 3] + [6cos 3x – 3sin 3x] × e6x . 6
= e6x[-18sin 3x – 9cos 3x] + e6x[36cos 3x – 18sin 3x]
= e6x[-18sin 3x – 9cos 3x + 36cos 3x – 18sin 3x]
= e6x[-36sin 3x + 27cos 3x]
= 9e6x[3 cos 3x – 4sin 3x]
प्रश्न 8.
tan-1x
हल:
माना y = tan-1 x
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 9.
log (log x)
हल:
माना y = log (log x)

प्रश्न 10.
sin (log x)
हल:
माना y = sin (log x)
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 11.
यदि y = 5 cosx – 3 sin x है तो सिद्ध कीजिए कि
+ y = 0
हल:
∵ y = 5cosx – 3sin x

प्रश्न 12.
यदि y = cos-1x है तो
पदों में ज्ञात कीजिए-
हल:
∵ y = cos-1x


प्रश्न 13.
यदि y = 3 cos (log x) + 4 sin (log x) है तो दर्शाइए कि x2y2 + xy1 + y = 0
हल:
∵ y = 3 cos (log x) + 4 sin (log x)


इसलिए
x2y2 + xy1 + y = – 7cos (log x) – sin log x – 3sin (log x) + 4cos (cosx) + 3cos (log x) + 4 sin (log x)
= -7cos (log x) – sin (logx) + sin (log x) + 7cos (log x)
= 0
अत: x2y2 + xy1 + y = 0
प्रश्न 14.
यदि y = Aemx + Benx है तो दर्शाइए कि

हल:
∵ y = Aemx + Benx

प्रश्न 15.
यदि y = 500e7x + 600-7x है तो दर्शाइए कि
= 49 y है।
हल:
y = 500e7x + 600-7x
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

= 3500e7x – 4200e-7x
पुनः x के सापेक्ष अवकलन करने पर,
![]()
=3500 × e7x × 7 – 4200 × e-7x x (-7)
= 500 × 49e7x + 600 × 49e-7x
= 49(500e7x + 600e-7x)
= 49y
प्रश्न 16.

प्रश्न 17.
यदि y = (tan-1x)2 है तो दर्शाइए कि (x2 + 12)y2 + 2x (x2 + 1) y2 = 2 है।
हल:
y = (tan-1x)2
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

Ex 5.8
प्रश्न 1.
फलन f(x) = x2 + 2x – 8, x ϵ [-4, 2] के लिए रोले के प्रमेय को सत्यापित कीजिए।
हल:
फलन f(x) = x2 + 2x – 8, अंतराल [-4, 2] में संतत तथा अंतराल (-4, 2) में अवकलनीय है।
तथा f(-4) = 16 – 8 – 8 = 0
f(2) = 4 + 4 – 8 = 0
⇒ f(-4) = f(2)
अत: रोले के प्रमेय की सभी शर्ते सन्तुष्ट हैं तब रोले के प्रमेय के अनुसार एक बिन्दु CE(-4, 2), जहाँ f’ (c) = 0
⇒ f'(c) = 0
⇒ 2c + 2 =0 (::f’ (x) = 2x + 2)
⇒ c = -1
इसलिए c = -1 पर f’ (c) = 0 और c = -1 ϵ (-4, 2)
प्रश्न 2.
जाँच कीजिए कि क्या रोले का प्रमेय निम्नलिखित फलनों में से किन-किन पर लागू होता है। इन उदाहरणों से क्या आप रोले के प्रमेय के विलोम के बारे में कुछ कह सकते हैं?
(i) f(x) = |x| के लिए x ϵ [5, 9]
(ii) f(x) = |x| के लिए x ϵ [-2, 2]
(iii) f(x) = x2 – 1 के लिए x ϵ [1, 2]
हल:
(i) f(x) = [x] के लिए x ϵ [5, 9]
f(x) = [x], बिन्दु x = 6, 7, 8 पर न तो संतत है और न ही अवकलनीय है।
अतः रोले प्रमेय लागू नहीं है।
(ii) f(x) = [x], x ϵ [-2, 2]
f(x) = [x], बिन्दु x = -1, 0, 1 पर न तो संतत है और न ही अवकलनीय है।
अतः रोले प्रमेय लागू नहीं है।
(iii) f(x) = (x2 – 1), x ϵ [1, 2] के लिए
f(1) = 1 – 1 = 0 f(2) = 22 – 1 = 4 – 1 = 3
f(1) ≠ f(2)
यद्धपि f[1, 2] में संतत है तथा फलन (1, 2) अवकलनीय भी है परन्तु f(1) ≠ f(2).
अतः रोले प्रमेय लागू नहीं है।
प्रश्न 3.
यदि f: [-5, 5] → R एक संतत फलन है और यदि f’ (x) किसी भी बिन्दु पर शून्य नहीं होता है तो सिद्ध कीजिए कि f(-5) ≠ f(5).
हल:
यहाँ f : [-5, 5] →R
f संतत है तथा अवकलनीय है परन्तु f'(x) ≠ 0
अन्तराल (-5, 5) में रोले प्रमेय के लिए आवश्यक है-
यदि (i) [a, b] में f संतत है।
(ii) (a, b) में f अवकलित होता है।
(iii) f(a) = f(b)
तब f'(c) = 0, c ϵ (a, b)
यहाँ f'(c) ≠ 0 ⇒ f(a) ≠ f(b)
अतः f(-5) ≠ f(5)
प्रश्न 4.
माध्यमान प्रमेय सत्यापित कीजिए, यदि अंतराल [a, b] में f(x) = x2 – 4x – 3, जहाँ a = 1 और b = 4 है।
हल:
∵ f'(x) = x2 – 4x – 3 एक बहुपद है जो कि प्रत्येक बिन्दु पर संतत होगा।
∴ f'(x) = 2x – 4
⇒ f(x) का अस्तित्व है ∀ x ϵ (1, 4)
⇒ f(x), अंतराल (1, 4) में अवकलनीय है
माध्यमान प्रमेय द्वारा

अतः माध्यमान प्रमेय सत्यापित है।
प्रश्न 5.
माध्यमान प्रमेय सत्यापित कीजिए. यदि अन्तराल [a, b] में f(x) = x3 – 5x2 – 3x, जहाँ a = 1 और b= 3 है। f'(c)= 0 के लिए c ϵ (1, 3) को ज्ञात कीजिए।
हल:
यहाँ f(x) = x3 – 5x2 – 3x
[1, 3] में f संतत है तथा (1, 3) में अवकलनीय है क्योंकि यह बहुपदीय है।
f(1) = (1)3 – 5(1)2 – 3 x 1
= 1 – 5 – 3 = 1 – 8 = -7
f(3) = (3)3 – 5(3)2 – 3 x 3
= 27 – 45 – 9 = – 27
f(x) = 3x2 – 10x – 3
f(c)= 3c2 – 10c – 3

⇒ 3c2 – 10c – 3 =
⇒ 3c2 – 10c + 7= 0
⇒ (c – 1)(3c – 7) = 0
∴ c ≠ 1 c = 7/3 ϵ (1, 3)
यदि f'(c)= 0
तब 3c2 – 10c – 3 = 0
⇒ (3c – 1)(c – 3) = 0 ⇒ c = 1/3, 3 + c ∉ (1, 3)
प्रश्न 6.
प्रश्न संख्या 2 में उपर्युक्त दिए तीनों फलनों के लिए माध्यमान प्रमेय की अनुपयोगिता की जाँच कीजिए।
हल:
(i) f(x)=[x], x ϵ [5, 9].
अन्तराल (5, 9) में f(x) = [x] बिन्दु x = 6, 7, 8 पर न तो संतत है और न ही अवकलनीय है।
अतः माध्यमान प्रमेय लागू नहीं है।
(ii) f(x) ⊂ [x], x ϵ [-2, 2]
अन्तराल [-2, 2] में | बिन्दु x= -1, 0, 1 पर न तो संतत है और न ही अवकलनीय है।
अतः माध्यमान प्रमेय लागू नहीं है।.
(iii) f(x) = x2 – 1, x ϵ [1, 2]
एक बहुदीय है। यह अन्तराल [1, 2] में संतत है तथा (1, 2) में अवकलनीय है।
f(1) = (1)2 – 1 = 1 – 1 = 0
f(2) = (2)2 – 1 = 4 – 1 = 3
f'(x) = 2x
f'(c) = 2c

विविध प्रश्नावली
प्रश्न संख्या 1 से 11 तक प्रदत्त फलनों का, x के सापेक्ष अवकलन कीजिए-
प्रश्न 1.
(3x2 – 9x + 5)9
हल:
माना y = (3x2 – 9x + 5)9
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 2.
sin3 x + cos6x
हल:
माना y = sin3 x + cos6 x
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 3.
(5x)3cos2x
हल:
माना y = (5x)3cos2x
दोनों ओर लघुगणक लेने पर,
log y = 3cos 2x log 5x
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,


प्रश्न 4.
sin-1 (x√x), 0 ≤ x ≤ 1
हल:
माना y = sin-1(x)3/2
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 5.

हल:


प्रश्न 6.

हल:


प्रश्न 7.
(log x)log x, x > 1
हल:
माना y = (log x)log x
दोनों ओर लघुगणक लेने पर,

प्रश्न 8.
cos (acos x + b sin x), किन्हीं अचर a तथा b के लिए।
हल:
माना y = cos (acos x + bsin x)
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

![]()
प्रश्न 9.
![]()
हल:
माना y = (sin x- cos x)(sin x – cos x)
दोनों तरफ लघुगणक लेने पर,
log y = log (sin x – cosx)(sin x – cos x)
log y=(sin x – cos x)log (sin x – cosx), [∵ log mn = n log m]
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 10.
xx + xa + ax + aa, किसी नियत a > 0 तथा x > 0 के लिए।
हल:
माना y = xx + xa + ax + aa
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,


प्रश्न 11.
xx2-3 + (x – 3)x2, x > 3 के लिए।
हल:
माना y = xx2-3 + (x – 3)x2
= u + v (लगभग)


प्रश्न 12.

प्रश्न 13.

x = sin θ रखने पर,

प्रश्न 14.
![]()

हल:

दोनों तरफ वर्ग करने पर,
x2 (1 + y) = y2 (1 + x)
⇒ x2 + x2y = y2 + y2x
⇒ x2 – y2 – y2x + x2y = 0
⇒ (x – y)(x + y) + xy(x – y) = 0
⇒ (x – y)[x + y + xy] = 0
x – y = 0 ⇒ x ≠ y
x + y (1 + x) = 0

प्रश्न 15.
यदि किसी c > 0 के लिए (x – a)2 + (y – b)2 – c2 है तो सिद्ध कीजिए कि

a और b से स्वतन्त्र एक स्थिर राशि है।
हल:
यहाँ (x – a)2 + (y – b)2 = (दिया है) …(1)
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,



प्रश्न 16.
यदि cos y = x cos (a + y) तथा cos a ≠ ±1 है तो सिद्ध कीजिए कि

हल:
cos y = xcos (a + y)
![]()
y के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 17.
यदि x = a (cost + t sin t) और y = a (sin t – tcost) है तो
ज्ञात कीजिए।
हल:
यहाँ x = a (cost + t sin t) y = a (sin t – tcost)
अब, x = a (cos t + t sin t),
t के सापेक्ष अवकलन करने पर,

प्रश्न 18.
यदि f(x) =|x|3 है तो प्रमाणित कीजिए कि f'(x) का अस्तित्व है और इसे ज्ञात भी कीजिए।
हल:
यहाँ f(x) = |x|3 = x3
जब, x > 0 |x| = x, ∴ f(x) = x3
f'(x) = 3x2, f'(x) = 6x …(1)
जब x < 0 |x| = -x
f(x) = |x|3 = (-x)3 = -x3
f'(x) = -3x2, f'(x) = -6x …(2)
(1) तथा (2) से,
f'(x) = 6|x|
प्रश्न 19.
गणितीय आगमन के सिद्धान्त के प्रयोग द्वारा सिद्ध कीजिए कि सभी धन पूर्णांक n के लिए
है।
हल:

∴ P(n), n = k + 1 के लिए भी सत्य है।
⇒ P(n), n = 1, 2, 3,….. सभी धन पूर्णांकों के लिए सत्य है।
प्रश्न 20.
sin (A + B) = sin A cos B + cos A sin B का प्रयोग करते हुए अवकलन द्वारा cosines के लिए योग सूत्र ज्ञात कीजिए।
हल:
sin (A + B) = sin A cos B + cos A sin B
माना A और B, t के फलन हैं।
दोनों ओर t के सापेक्ष अवकलन करने पर,

अतः cos (A + B) = cos A cos B – sin A sin B
प्रश्न 21.
क्या एक ऐसे फलन का अस्तित्व है, जो प्रत्येक बिन्दु पर सतत हो किन्तु केवल दो बिन्दुओं पर अवकलनीय न हो? अपने उत्तर का औचित्य भी बताइए।
हल:
फलन f(x) = |x| + |x – 1| को देखें |x|, |x – 1| दोनो फलन सब बिन्दुओं पर संतत है।
अतएव, f(x) = |x| + |x – 1| भी संतत है, x ϵ R के लिए
लेकिन |x|, x = 0 पर अवकलनीय नहीं होता।
इसी प्रकार, |x – 1|, x = 1 पर अवकलनीय नहीं होता।
स्पष्ट है कि । सभी बिन्दुओं पर (x ϵ R) पर संतत है और x = 0, x = 1 पर अवकलनीय नहीं है।
प्रश्न 22.
यदि

है तो सिद्ध कीजिए कि

हल:


प्रश्न 23.
यदि y = eacos-1x, -1 ≤ x ≤ 1 है तो दर्शाइए कि

हल:
y= eacos-1x
x के सापेक्ष अवकलन करने पर,
