Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् पठित-अवबोधनम्

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् पठित-अवबोधनम् पठित अवबोधनम् HBSE 10th Class I. अधोलिखितदशप्रश्नानां प्रदत्तविकल्पेषु शुद्धविकल्पं विचित्य उत्तरपुस्तिकायां लिखत (क) ‘पावकः’ पदस्य सन्धिविच्छेदोऽस्ति (i) पौ + अक: (ii) पो + अक: (iii) पाव + कः (iv) पा + अकः। उत्तराणि: (i) पौ + अक: (ख) ‘अप + ऊहः’ अत्र सन्धियुक्तपदम्- (i) अपूहः (ii) अपोहः (iii) … Read more

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् उपसर्ग

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् उपसर्ग व्याकरणम् उपसर्ग HBSE 10th Class परिचय-धातु के आरम्भ में जब प्र आदि शब्द जुड़ते हैं, तब इन्हें ही उपसर्ग कहा जाता है। उपसर्ग जुड़ने पर प्रायः धातुओं के अर्थ बदल जाते हैं, जैसे- गच्छति (जाता है), आ + गच्छति = आगच्छति (आता है)। संस्कृत में अधोलिखित 22 उपसर्ग … Read more

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् कारक प्रकरणम्

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् कारक प्रकरणम् व्याकरणम् कारक प्रकरणम् HBSE 10th Class कारक-वाक्य में जिस शब्द का क्रिया शब्द के साथ साक्षात् सम्बन्ध हो वह कारक कहलाता है। वाक्य में क्रिया के साथ संज्ञा या सर्वनाम शब्द का सम्बन्ध कहीं कर्ता के रूप में, कहीं कर्म के रूप में तथा कहीं करण आदि … Read more

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् घटिका समयज्ञानम्

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् घटिका समयज्ञानम् HBSE 10th Class Sanskrit व्याकरणम् घटिका समयज्ञानम् निर्देश- सवा’ के लिए ‘सपाद’ जोड़ें ; जैसे –7.15 (सपादसप्तवादनम्) ‘साढे’ के लिए ‘सार्ध’ जोड़ें ; जैसे-7.30 (सार्धसप्तवादनम्) ‘पौने’ के लिए ‘पादोन’ जोड़ें; जैसे -6.45 (पादोनसप्तवादनम्) Samay In Sanskrit HBSE 10th Class कुछ महत्त्वपूर्ण उदाहरण I. विद्यालयस्य समयसारिण्याम् अधोलिखिते कार्यक्रमे … Read more

Haryana Board 10th Clas s Sanskrit व्याकरणम् धातुरुप प्रकरणम्

Haryana Board 10th Clas s Sanskrit व्याकरणम् धातुरुप प्रकरणम् व्याकरणम् धातुरुप प्रकरणम् HBSE Sanskrit 10th Class 1. √भू (होना) पुरूष एकवचन द्विवचन बहुवचन प्रथमपुरुष भवति भवतः भवन्ति मध्यमपुरुष भवसि भवथ: भवथ उत्तमपुरुष भवामि भवाव: भवाम: लुट्लकार पुरूष एकवचन द्विवचन बहुवचन प्रथमपुरुष भविष्यति भविष्यत: भविष्यन्ति मध्यमपुरुष भविष्यसि भविष्यथ: भविष्यथ उत्तमपुरुष भविष्यामि भविष्यावः भविष्याम: लोट्लकार पुरूष एकवचन … Read more

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् संख्यावाचक शब्दः

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् संख्यावाचक शब्दः Sankhyavachak Shabd In Sanskrit HBSE 10th Class संख्यावाचक शब्द – अंक पुंल्लिंग स्रीलिंग स्त्रीलिंग नपुंसकलिंग 1. एक: एका चतस्ब: एकम् 2. द्वौ द्वे चतस्र: त्वे 3. त्रय: तिस्र: चतसृभि: त्रीणि 4. चत्वारः चतस्र: चतसृभि: चत्वारे 5. पर्च पञ्च चतसृभ्य: पब्च   संख्यावाचक शब्द  अंक एक: 1 द्वौ … Read more

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् शब्दरूप प्रकरणम्

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् शब्दरूप प्रकरणम् व्याकरणम् शब्दरूप प्रकरणम् HBSE Sanskrit 10th Class संस्कृतभाषा में शब्द चार प्रकार के होते हैं 1. नाम (संज्ञा) शब्द 2. सर्वनाम शब्द, 3. संख्यावाचक शब्द, 4. विशेषण शब्द सज्ञाशब्द संज्ञाशब्द दो प्रकार के होते हैं 1. अजन्त (स्वर से अन्त होने वाले) और 2. हलन्त (व्यंजन से … Read more

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् वाच्यपरिवर्तनम्

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् वाच्यपरिवर्तनम् Vachya Parivartan In Sanskrit HBSE 10th Class कर्तृवाच्य के कर्ता में प्रथमा विभक्ति और कर्म में द्वितीया विभक्ति होती है। अगर वाक्य को कर्मवाच्य में बदलना हो तो कर्ता की प्रथमा विभक्ति को तृतीया में और कर्म की द्वितीया विभक्ति को प्रथमा में बदल दिया जाता है। क्रिया … Read more

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् अव्ययाः

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् अव्ययाः व्याकरणम् अव्ययाः Class 10 HBSE सदृशं त्रिषु लिङ्गेषु सर्वासु च विभक्तिषु। वचनेषु च सर्वेषु यन्न व्येति तदव्ययम्॥ जो शब्द तीनों लिड्गों, सभी विभक्तियों तथा तीनों वचनों में सदा एकरूप रहते हैं, वे अव्यय शब्द कहलाते हैं। (क) यौगिक-अव्यय (ख) रूढ-अव्यय (क) यौगिक-अव्यय तीन प्रकार के होते हैं (i) … Read more

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् प्रत्ययाः

Haryana Board 10th Class Sanskrit व्याकरणम् प्रत्ययाः HBSE 10th Class Sanskrit व्याकरणम् प्रत्ययाः प्रकृति-प्रत्यय संस्कृत Class 10 HBSE I. मतुप् प्रत्यय मतुप् प्रत्यय ‘अस्य अस्ति’ (इसका है), ‘अस्मिन् अस्ति’ (इसमें है) इन दो अर्थों में प्रयोग किया जाता है। इन्हीं अर्थों में कुछ और भी प्रत्यय विशेषण बनाने के लिए प्रयोग किए जाते हैं। मतुप् … Read more