Gujarat Board Solutions Class 9 Social Science Chapter 16 जलवायु

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GSEB Solutions Class 9 Social Science Chapter 16 जलवायु

GSEB Class 9 Social Science जलवायु Textbook Questions and Answers

1. नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए :

प्रश्न 1.
हिमालय भारत की रक्षा करनेवाली प्राकृतिक दीवाल हैं ।
उत्तर:
हिमालय पर्वतमाला काफी ऊँची होने से वहाँ अतिशय ठण्डी रहती हैं जिस कारण शत्रु राष्ट्र उसको पार करके भारत पर आक्रमण नहीं कर सकता ।
शीतऋतु में साईबेरीय से आनेवाली ठण्डी हवाओं को रोकता है, जिससे उत्तरी भारत को जमने से रोकता है ।
इस प्रकार हिमालय भारत की रक्षा करनेवाली प्राकृतिक दीवाल है ।

प्रश्न 2.
व्यापारिक पवनों (हवाएँ) को समझाइए ।
उत्तर:
भारत का उत्तरी-पूर्वी क्षेत्र व्यापारिक पवनों के भाग में आया हुआ है ।

  • ये पवनी उत्तरी गोलार्द्ध के उष्ण कटिबंधीय गुरुदाब पटे का भारी दबाव से उत्पन्न होती है ।
  • ये पवनें पृथ्वी के परिभ्रमण के कारण थोड़ा मुड़कर विषुवृत्तीय रेखा की ओर बहते हैं ।
  • भूतकाल में समुद्री मार्ग द्वारा होनेवाले व्यापार में इन पवनों का लाभ लिया जाता था । इसलिए इन्हें व्यापारी पवनें कहते हैं ।
  • सामान्य भू-भाग से उत्पन्न होकर बहनेवाले व्यापार में इन पवनों में नमी का अनुपात कम होता है; परंतु भारत के तीनों ओर
  • विशाल समुद्री भाग को पार करने के कारण नमी धारण करती है और भारत में वर्षा लाती है ।

प्रश्न 3.
भारत के मौसम विभाग के कितने कार्यालय है ? नाम लिखो ।
उत्तर:
भारत के मौसम विभाग के 6 क्षेत्रीय कार्यालय है – चैन्नई, गुहाटी, कोलकाता, मुंबई, पुणे, नागपुर में है ।

प्रश्न 4.
नैऋत्य मानसूनी हवाएँ कितने भागों में बँटती है ?
उत्तर:
दक्षिण भारत के प्रायद्विपीय आकार के कारण नैऋत्य मानसूनी हवाएँ दो भागों में बँटती है ।

  1. अरब सागर पर से आनेवाली मानसूनी हवाएँ ।
  2. बंगाल की खाड़ी पर से आनेवाली मानसूनी हवाएँ ।

2. सूचनानुसार उत्तर दीजिए :

प्रश्न 1.
समुद्रतल की ऊँचाई बढ़ने पर मौसम में क्या परिवर्तन होते है ?
उत्तर:
समुद्र की सतह से वातावरण में जैसे-जैसे ऊँचाई की तरफ जायें हवा का दबाव और हवा का तापमान घटता जाता है । जबकि भूपृष्ठ की ऊँचाई वर्षा में वृद्धि करती है ।। हिमालय पर्वत की ऊँचाई का कारण उसके अत्यंत ऊँचे शिखर बारहों महिने बर्फ से घिरे रहते हैं । नमीवाली हवा ऊँचाई पर जाने से ठंड़ी हो जाती है और वर्षा करती है । असम, मेघालय के पहाड़ी प्रदेशों में तो ऊँचाई बढ़ने के कारण साथ-साथ वर्षा की मात्रा बढ़ जाती है । सामान्य परिस्थिति में पृथ्वी की सतह से ऊँचाई की तरफ 165 मीटर पर 1° से अथवा 1000 मीटर पर 6.5° से तापमान घटता है।

प्रश्न 2.
‘अक्टूबर हीट’ अर्थात् क्या ?
उत्तर:
अक्टूबर-नवम्बर में उच्च तापमान तथा नमी की परिस्थिति के कारण दिन का मौसम व्याकुल कर देनेवाला हो जाता है । इसे अक्टूबर हीट कहते हैं ।

प्रश्न 3.
बंगाल की खाड़ी से आनेवाली मानसूनी हवाएँ भारत में किन-किन प्रदेशों में वर्षा करती है ?
उत्तर:
बंगाल की खाड़ी से आनेवाली मानसूनी हवाएँ पश्चिम बंगाल से प्रवेश करती है ।

  • ये पवनें आगे बढ़कर मेघालय में खूब बारीस करती है । मेघालय की गारो, खासी, जंयतियाँ पहाड़ी ढलानों पर खूब वर्षा होती हैं ।
  • पश्चिम की ओर मुडकर बंगाल, बिहार, उत्तर प्रदेश तथा हरियाणा तक के क्षेत्रों में बारीस करती है ।

प्रश्न 4.
जलवायु को प्रभावित करनेवाले कारण समझाइए ।
उत्तर:
भारत की जलवायु को प्रभावित करनेवाले तत्त्व निम्नानुसार है :
1. अक्षांश : पृथ्वी की सतह पर जलवायु के प्रकार अलग-अलग प्रदेशों के अक्षांश के अनुसार बदलते हैं । जलवायु में तत्त्वों का वितरण अधिकतर अक्षांशों पर आधारित होता है । दो अक्षांशों के बीच 111 किमी का अंतर होता है । विषुववृत रेखा के आसपास के प्रदेशों पर सूर्य की किरणें लगभग लंबवत् पड़ती है, इसीलिए वहाँ बारहों मास गरमी पड़ती है । भारत उष्ण कटिबंधीय और समशीतोष्ण कटिबंधीय दो जलवायुगत परिस्थिति में विभाजित है ।

2. समुद्र से दूरी : जलवायु को प्रभावित करनेवाला दूसरा कारक समुद्रीक्षेत्र से स्थलीय क्षेत्र की दूरी है । सूर्य की गरमी संग्रहित करने की तथा उसका आप-ले करने की शक्ति जमीन और पानी में अलग-अलग होती है । परिणामस्वरूप, समुद्र और उसके तटीय भूमि भागों पर समजलवायु होती है, जबकि किनारे से दूर अंदर के भागों की तरफ जाने पर भूमिखंडों की जलवायु विषम बनती है । भारत में मुंबई समुद्रतट पर होने से वहाँ समजलवायु रहती है, जबकि नागपुर या दिल्ली समुद्र से दूर होने से वहाँ की जलवायु विषम होती है ।

3. समुद्र-सतह से ऊँचाई : समुद्र की सतह से वातावरण में जैसे-जैसे ऊँचाई की तरफ जाएँ हवा का दबाव और हवा का तापमान घटता जाता है । जबकि भूपृष्ठ की ऊँचाई वर्षा में वृद्धि करती है । हिमालय पर्वत की ऊँचाई का कारण उसके अत्यंत ऊँचे शिखर बारहों महीने बर्फ से घिरे रहते हैं । नमीवाली हवा ऊँचाई पर जाने से ठंडी हो जाती है और वर्षा करती है । असम, मेघालय के पहाड़ी प्रदेशों में तो ऊँचाई बढ़ने के साथ-साथ वर्षा की मात्रा भी बढ़ती है । सामान्य परिस्थिति में पृथ्वी की सतह से ऊँचाई की तरफ 165 मीटर पर 1° से. अथवा 1000 मीटर पर 6.5° से. तापमान घटता है ।

4. आकार – किसी भी देश की जलवायु पर उसके आकार का बहुत प्रभाव पड़ता है । प्रायद्विपीय भारत के त्रिभुज आकार के कारण इसके तीनों ओर स्थित महासागर तथा समुद्रों का विशेष प्रभाव रहता है । उत्तर का मैदान तीव्र खंडीय परिस्थितिवाला है, वह समुद्र से दूर होने के कारण समुद्र के प्रभाव से वंचित रहता है ।

5. विशाल जल राशि – भारत के तीनों ओर सागर है । इस विशाल जल राशि के कारण उसके ऊपर से चलनेवाली हवायें भरपूर वाष्प का संग्रह करती है और उसका लाभ भारत को मिलता है । ये हवाएँ लगभग पूरे भारत में वर्षा करती है ।

6. ऊँचाई – ज्यों-ज्यों हम ऊँचाई पर जाते है त्यों-त्यों तापमान में कमी आती है अत: सामान्य मैदानों की तुलना में ऊँचे पहाड़ी स्थान ठंडे रहते है।

3. नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर मुद्देवार लिखिए :

प्रश्न 1.
ऋतु परिवर्तन किन कारणों से होता है ? उचित आकृति द्वारा समझाइए ।
उत्तर:
ऋतु परिवर्तन के मुख्य कारणों में पृथ्वी का सूर्य के चारों और परिक्रमण और अपनी धुरी पर झुका होना है । पृथ्वी अपनी धुरी पर 23.5° झुकी है और कक्षा के साथ 66.5° का कोण बनाती है । पृथ्वी की धुरी के झुकाव के कारण ऋतुएँ होती हैं । अधिक समय तक सूर्य प्रकाश में रहनेवाले विस्तारों में गर्मी और कम समय तक सूर्यप्रकाश में रहनेवाले विस्तारों में ठंडी का अनुभव होता है । 22 दिसंबर को सूर्य की किरणें मकर रेखा पर लंबवत् पड़ती है, जिससे दक्षिणी गोलार्ध में गर्मी और उत्तरी गोलार्ध में ठंडी पड़ती है । इसीलिए भारत में रात बड़ी होती है और ठंडी का अनुभव होता है । उसी तरह 21 जून को कर्करेखा की तरफ सूर्य की किरणें उत्तरी गोलार्ध में लंबवत् पड़ती है, जिससे दिन बड़े होते हैं ।

परिभ्रमण और परिक्रमण गति का सीधा प्रभाव मानव जीवन के भोजन, पोशाक और निवास पर पड़ता है । मौसमी जलवायुवाले देशों में ऋतु अनुसार दिशा बदलनेवाले ठंडी और गर्मी के मौसमी पवन ऋतुगत मौसम पर गहरा प्रभाव डालते है । प्रत्येक ऋतु के मौसम को विशिष्टता प्रदान करते हैं । इसीलिए इस जलवायु को मौसमी या मानसूनी जलवायु कहते हैं ।

प्रश्न 2.
जलवायु का मानवजीवन पर प्रभावों का वर्णन कीजिए ।
उत्तर:
भारत की जलवायु का यहाँ के निवासियों के खानपान, आवास, स्वभाव और कृषि प्रवृत्ति पर पड़ता हैं ।

  • भारत में वर्ष के अधिकांश समय के दरम्यान तापमान ऊँचा रहने से खेती की विभिन्न फसलें उगाई जा सकती है । परन्तु वर्षा की अनिश्चितता ने उत्पादन को अनिश्चित कर दिया है ।
  • कृषि को कई बार उचित पानी न मिलने से कृषि उत्पादन प्रभावित होता है । कभी अतिवृष्टि के कारण भी फसलों का विनाश होता
  • नदियों में बाढ़ आती है, जिससे भूमि का कटाव होता है और आगे चलकर खेत उत्पादन में कमी आती हैं ।
  • कपास, गन्ना, तम्बाकू आदि में वर्षा की अनियमितता से उद्योगों को कच्चा माल नहीं मिलने से कठिनाईयाँ उत्पन्न होती है ।
    अनियमित वर्षा के कारण पीने के पानी की समस्या भी विकट बनती है ।
  • रेगिस्तानी और पर्वतीय प्रदेशों का भी जीवन परेशानियों से भरा हुआ है ।
  • इस तरह जलवायु का गहरा प्रभाव मानवजीवन पर पड़ता है । जिसका सीधा प्रभाव मानवजीवन में भोजन, पोशाक, व्यवसाय तथा आवास पर पड़ता है ।

प्रश्न 3.
भारत की शीत ऋतु – सर्दियों के विषय में संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए ।
उत्तर:
भारत में दिसंबर से फरवरी तीन महीने के समय को शीतऋतु या ठंडी माना जाता है । 22 सितंबर से 21 मार्च तक सूर्य की किरणें दक्षिणी

  • गोलार्ध में सीधे पड़ती है । भारत उत्तरी गोलार्ध में स्थिर होने से दिसंबर से फरवरी तक सूर्य की तिरछी किरणों के प्रभाव में होने से तापमान कम होता है ।
  • मध्य एशिया से भारत की ओर द.पू. दिशा की हवाएँ चलती हैं । ये हवाएँ शुष्क और ठंडी होती हैं, जिससे मौसम शुष्क और ठंडा रहता है। इस ऋतु दौरान सामान्यतः आकाश बिना बादल का स्वच्छ रहता है । उ.पू. भारत अनुपात में अधिक ठंडा रहता है कारण कि यह समुद्र से अधिक दूर स्थित है और उसका कुछ भाग मरूस्थल है ।
  • ठंडी में इस प्रदेश पर हवा का भारी दबाव बनता है, जिससे पवन की दिशा बदलती है । यहाँ के भारी दबाव के कारण ठंडे तथा शुष्क पवनों का जन्म होता है । ये पवन जहाँ-जहाँ पहुँचते हैं वहाँ तापमान में गिरावट आती है । इस समय हिमालय में तापमान अत्यंत कम रहता है ।
  • शिमला और दार्जिलिंग में जनवरी मास का तापमान 5° से. के आसपास रहता है । हिमालय में जब हिमवर्षा होती है तब वहाँ से ठंडी और खूब हवा उत्तरी भारत के मैदान की तरफ आती है । परिणामस्वरूप इन मैदानों सहित राजस्थान और गुजरात में शीत लहर आ जाती है । कुछ ‘हिम’ पड़ने से कपास जैसी फसल को नुकसान पहुँचता है ।
  • शीतऋतु में ऊँचे पर्वतीय क्षेत्रों के अलावा भारत में तापमान गलनबिन्दु से नीचे नहीं जाता है, कारण कि हिमालय की गिरिमालाएँ मध्यएशिया की ओर आनेवाले अतिशय ठंडे पवनों को रोकती हैं और भारत को सख्त ठंडी से बचाती हैं । ठंडी के दौरान उत्तरी
  • भारत की अपेक्षा दक्षिण भारत की परिस्थिति भिन्न होती है । दक्षिणी भारत उष्ण कटिबंधीय प्रदेश में है ।
  • विषुववृत्त रेखा के नजदीक है तथा प्रायद्विपीय आकारवाला है । इसके आंतरिक भागों में स्थित प्रदेश समुद्र से अधिक दूर नहीं है, इसलिए वहाँ ठंडी में उत्तर भारत जैसी ठंडी का अनुभव नहीं होता है । तापमान भी अधिक नीचे नहीं जाता है । जैसे कि जनवरी महीने में कोचीन का तापमान 26° से., मदुराई का 25° से. और चेन्नई का तापमान 24° से. होता है ।

प्रश्न 4.
जलवायु का मानव की किन-किन प्रवृत्तियों पर प्रभाव पड़ता है ?
उत्तर:
जलवायु का प्रभाव खान-पान, रहन-सहन, स्वभाव, आवास, कृषि, आर्थिक प्रवृत्ति आदि पर पड़ता है ।

4. नीचे दिए गए विकल्पों से योग्य उत्तर पसंद करके प्रश्न के सामने बने में उसका क्रम लिखिए :

प्रश्न 1.
जिस समय कर्कवृत्त पर सूर्य की किरणें सीधी पड़ती है, उस समय भारत में कौन-सी ऋतु होती है ?
(A) शीतऋतु
(B) ग्रीष्मऋतु
(C) वर्षाऋतु
(D) निवर्तनऋतु
उत्तर:
(B) ग्रीष्मऋतु

प्रश्न 2.
चेरापूंजी के पास में आया हुआ कौन-सा स्थान अधिक वर्षा के लिए विख्यात है ?
(A) शिलांग
(B) गुवाहाटी
(C) इम्फाल
(D) मौसिनरम
उत्तर:
(D) मौसिनरम

प्रश्न 3.
शीतऋतु में गुजरात तथा राजस्थान में शीतलहरी के लिए हिमालय की किस घटना का अधिक प्रभाव होता है ?
(A) हिमवर्षा
(B) धूल-आँधी
(C) जलवर्षा |
(D) करार गिरना
उत्तर:
(A) हिमवर्षा

प्रश्न 4.
मई महीने में मालाबार तट पर होनेवाली वर्षा किस नाम से जानी जाती है ?
(A) अनारवर्षा
(B) बनानावर्षा
(C) आम्रवर्षा
(D) हिमवर्षा
उत्तर:
(C) आम्रवर्षा

प्रश्न 5.
लौटती हुई मानसूनी हवाओं की ऋतु कब होती है ?
(A) मार्च-मई
(B) अक्टूबर-नवम्बर
(C) जनवरी-फरवरी
(D) जुलाई-अगस्त
उत्तर:
(B) अक्टूबर-नवम्बर

प्रश्न 6.
नीचे दिए गए विधानों में कौन-सा विधान सत्य है ?
(A) शीतऋतु में दिन लम्बे और रात छोटी होती है ।
(B) ग्रीष्मऋतु में दिन छोटे तथा रात छोटी होती है ।
(C) शीतऋतु में दिन छोटे और रात लंबी होती है ।
(D) ग्रीष्मऋतु में दिन छोटे और रात लंबी होती है ।
उत्तर:
(C) शीतऋतु में दिन छोटे और रात लंबी होती है ।

GSEB Class 9 Social Science जलवायु Important Questions and Answers

निम्नलिखित विधानों के कारण दीजिए:

प्रश्न 1.
जलवायु को मौसमी जलवायु कहते हैं ।
उत्तर:
पृथ्वी की परिभ्रमण और परिक्रमण गति का सीधा प्रभाव मानव जीवन के भोजन, पोशाक और निवास पर पड़ता हैं ।

  • मौसमी जलवायुवाले देशों में ऋतु अनुसार दिशा बदलनेवाले ठंडी और गर्मी की मौसमी पवनें ऋतुगत मौसम पर गहरा प्रभाव डालते
  • प्रत्येक ऋतु के मौसम को विशिष्टता प्रदान करता है ।
  • इसलिए इस जलवायु को मौसमी जलवायु कहते हैं ।

प्रश्न 2.
भारत के अलग-अलग स्थानों पर तापमान और वर्षा में अन्तर पाया जाता है ।
उत्तर:
भारत की जलवायु में कई बातों में भिन्नता पायी जाती है ।

  • दक्षिण भारत प्रायद्विपीय प्रदेश होने से समुद्री किनारे की समजलवायु का अनुभव होता है ।
  • उत्तरी भारत के अधिकांश भाग समुद्रतट से दूर होने से वहाँ की जलवायु खंडित है ।
  • भारत के मध्य से कर्क रेखा गुजरती है ।
  • दक्षिण भाग उष्ण कटिबंध में और उत्तर भाग समशीतोष्ण कटिबंध में आया हुआ है ।
  • परिणामस्वरूप देश के अलग अलग में स्थित स्थानों पर तापमान और वर्षा में अंतर पाया जाता है ।

प्रश्न 3.
ऋतुगत मौसम भारत में कई तरह से प्रभाव डालता है ।
उत्तर:
सर्दी की ऋतु में द्रास में -45° तापमान होता है, जबकि राजस्थान में गर्मी में 51° तक तापमान पहुँच जाता है ।

  • राजस्थान के पश्चिमी भाग में 10 cm तो चेरापूंजी में 1200 cm तक वर्षा होती है ।
  • भारत में कहीं एक ओर लोग बाढ़ से तो दूसरी तरफ वर्षा न होने से भयंकर अकाल से पीड़ित होते हैं ।।
  • हमारे देश में जलवायु में विरोधाभास है । गड़गडाहट भरे तूफान, धूलभरी आँधियाँ और ऊष्णकटिबंधीय चक्रवात के विनाश का प्रभाव देश के अलग-अलग भागों पर पड़ता रहता है ।
  • इस तरह ऋतुगत मौसम कई तरह से प्रभाव डालता हैं ।

प्रश्न 4.
कभी-कभी मानसूनी हवाएँ खेती की प्रवृत्ति में अवरोध पैदा करती है । इस विधान को समझाइए ।
उत्तर:
मौसमी हवायें अनियमित और अनिश्चित होती है । मानसूनी हवाओं की अनियमितता और अनिश्चितता जैसे लक्षण के कारण वार्षिक वर्षा की मात्रा भी बढ़ती-घटती रहती है । शुष्क और आर्द्र दिनों का क्रम बदलता रहता है । इसके कारण किसी प्रदेश में बाढ़ आती है तो किसी प्रदेश में अकाल की परिस्थिति उत्पन्न होती है । मानसूनी पवनों का आगमन और उनकी वापस लौटने की घटनायें अनियमित और अनिश्चित होती है । ऐसी परिस्थिति में फसलों के नष्ट हो जाने की सम्भावना रहती है । इस प्रकार कभी-कभी मानसूनी हवाएँ खेती प्रवृत्ति में अवरोध पैदा करती है ।

प्रश्न 5.
भारत में मार्च से मई महीनों तक गर्मी होती है ।
उत्तर:

  • सूर्य के उत्तरायण होने से अधिक तापमानवाला दैनिक पट्टा दक्षिण से उत्तर की ओर खिसकता है ।
  • गर्म पट्टों के ख्रिसकने का असर विभिन्न अक्षांशों पर स्थित स्थलों के मार्च से मई महीने का तापमान पर स्पष्ट नजर आता है ।
  • उत्तरी भारत के प्रदेश समुद्र से दूर होने के कारण यहाँ के तापमान पर समुद्र का प्रभाव नहीं पड़ता है ।
  • इसलिए भारत में मार्च से मई महीने तक गर्मी होती है ।

प्रश्न 6.
शीत ऋतु में तमिलनाडू में वर्षा होती है ।
उत्तर:
शीत ऋतु में हवाएँ स्थल भाग से जल भाग की ओर चलती है । इन हवाओं में नमी की मात्रा कम होती है ।

  • जब ये पवने बंगाल की खाड़ी पर होकर गुजरते हुए नमी ग्रहण कर लेती है ।
  • तमिलनाडू का (कारोमण्डल) तट इनके मार्ग में आ जाता है ।
  • इस कारण शीत ऋतु में तमिलनाडू में वर्षा होती है ।

प्रश्न 7.
राजस्थान का पश्चिमी भाग सूखा रहता है ।
उत्तर:
अरब सागर की एक शाखा कच्छ-सिन्धु घाटी से होकर पंजाब तक पहुँचती है लेकिन इसके मार्ग में कोई भी पर्वत बाधा नहीं होने से वर्षा नहीं होती ।

  1. इन पवनों के समान्तर अरावली पर्वतमाला होने से ये पवने उसके सहारे आगे चली जाती है ।
  2. राजस्थान में वनों की बहुत कमी है । – अतएव राजस्थान का पश्चिमी भाग सूखा रह जाता है ।

निम्नलिखित विषयों पर संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए:

प्रश्न 1.
नोर्वेस्टर और लू:
उत्तर:
नोर्वेस्टर:
उत्तर और उ.पू. भारत के ऊपर हवा का हलका दबाव पूर्व में बिहार तक फैला होता है, जिसके कारण झारखंड और उत्तर ओडिशा के पठारी प्रदेशीय क्षेत्र कभी-कभी अत्यंत गर्म हो जाते हैं, तब उसे नोर्वेस्टर कहते हैं । उसका स्थानीय नाम कालवैशाखी है । इन पवनों से उत्पन्न होनेवाले तूफान पूर्वी भारत में बहुत नुकसान पहुंचाते हैं । ‘लू’ : पश्चिम और उ.पू. भारत के शुष्क भूभागों में धूलभरे तूफान अति सामान्य हैं । गर्मी में विशेष करके मई महीने में उत्तरी भारत में अति गर्म पवन चलते हैं, जो ‘लू’ कहे जाते हैं । उसकी अतिशय गरमी से मनुष्य और पशु-पक्षियों की मृत्यु हो जाती है ।

प्रश्न 2.
ग्रीष्मऋतु :
उत्तर:
ग्रीष्मऋतु (मार्च से मई) : भारत में मार्च से मई तक के शुष्क और गर्म मौसमवाले समयकाल को ‘गर्मी’ कहते हैं । मार्च से मई महीने तक भारत की जमीन पर सूर्य की लम्बवत् किरणें दक्षिण से उत्तर क्रमशः पड़ती है । जिससे भूमि भाग अधिक से अधिक गर्म होता जाता है ।
तापमान निरन्तर बढ़ता रहता है । दक्षिण भारत में मार्च महीना सबसे अधिक गर्म होता है । इस समय वहाँ कई स्थलों का तापमान 40° से. जितना ऊँचा हो जाता है, जबकि अप्रैल-मई महीनों के दौरान मध्य और उत्तर-पूर्व भारत सबसे अधिक गरमी का अनुभव करता है । वहाँ कई स्थानों पर तापमान 45° से. से 50° से. तक पहुँच जाता है । प्रायद्विपीय और पठारी प्रदेशों की ऊँचाई के कारण दक्षिण भारत में गर्मी थोड़ी सौम्य होती है । उत्तर भारत की तुलना में वहाँ तापमान नीचे रहता है ।

दिल्लीइलाहाबाद में तापमान 34° से. होता है तब मदुराई का तापमान 30° से., कोचीन और बेंगलुरू का तापमान 27° से. जितना होता है। इस तरह, दक्षिण में तापमान के ऊपर समुद्र का प्रभाव और भूपृष्ठ की ऊँचाई का प्रभाव देखा जा सकता है । बंगाल की खाड़ी और अरबसागर के ऊपर इस ऋतु में उष्ण कटिबंधीय चक्रवात निर्मित होते हैं, जो कभी-कभी तटीय प्रदेशों की तरफ बढ़कर भारी नुकसान पहुंचाते हैं । देश का बड़ा हिस्सा ग्रीष्मकाल में गर्म और शुष्क मौसम का अनुभव करता है । कई प्रदेशों में इस समयकाल दौरान वर्षा नहीं होती है, परन्तु कई बार मई महीने में मलबार तट पर थोड़ी वर्षा होती है । यह वर्षा आम के पकने में सहायक होती है, जिसे आम्रवृष्टि कहते हैं । यहाँ वर्षा आम और कॉफी की फसल के लिए खूब उपयोगी है ।

प्रश्न 3.
भारत की वर्षाऋतु:
उत्तर:
उत्तरी-पश्चिम के मैदानों में जून के प्रारम्भ होने तक हल्के दबाव की स्थिति अधिक तीव्र हो जाती है । यह स्थिति दक्षिणी गोलार्द्ध की पवनों को आकर्षित करने में सक्षम होती है । लम्बी समुद्री दूरी तय करके भारत के दक्षिण-पश्चिम हवाओं के आगमन के साथ ही मौसम में परिवर्तन आ जाता है । भारतीय प्रायद्वीप मानसूनी हवाओं को दो शाखाओं में बाँटता है । अरब सागरीय शाखा और बंगाल की खाड़ी की शाखा । अरब सागर की शाखा के मार्ग में पश्चिमी घाट अवरोधक बनता है और उसके वाताभिमुख ढाल पर अधिक वर्षा होती है । पश्चिम के घाट को पार करके ये हवायें दक्खन के पठार और मध्य प्रदेश में वर्षा अधिक करती है और बंगाल की खाड़ी से आनेवाली हवाओं के साथ मिल जाती है ।

आगे बढ़ने पर पश्चिमी राजस्थान, पंजाब और हरियाणा में वर्षा करती है और बंगाल की खाड़ी की शाखा से मिलकर हिमालय के पश्चिमी क्षेत्रों में वर्षा करती है ।। बंगाल की खाड़ी की शाखा अराकन पर्वतमाला से टकराकर दक्षिण तथा दक्षिण-पूर्वी दिशा से बाँग्लादेश और पश्चिमी बंगाल में प्रवेश करती है । इसकी दो शाखाएँ हो जाती है – एक शाखा पश्चिम की ओर गंगा के मैदान को पार करके पंजाब तक जाती है, तो दूसरी शाखा ब्रह्मपुत्र की घाटी में उत्तर-पूर्वी दिशा में आगे बढ़कर खूब वर्षा करती है । खाँसी की पहाड़ियों में स्थित मोनसीनरम में विश्व की सबसे अधिक वर्षा होती है । भारत की मौसमी हवाएँ अनियमित और अनिश्चित होती हैं ।

प्रश्न 4.
वापस लौटती मानसूनी हवायें:
उत्तर:
अक्टूबर-नवम्बर में हल्के दबाव के स्थान पर भारी दबाव के क्षेत्रों की रचना होती है ।
मानसूनी हवाओं की गति कम हो जाती है और वे धीरे-धीरे पीछे हटना प्रारम्भ करती है इसलिए उन्हें लौटनेवाली मानसूनी हवाएँ कहते हैं। अक्टूबर के उत्तरार्द्ध में भारत में तापमान तीव्र गति से नीचे गिरने लगता है। नवम्बर के प्रारम्भ में उत्तरी-पश्चिमी भारत में पहले निर्मित हल्का दबाव अब बंगाल की खाड़ी पर स्थिर रहता है । दबाव क्षेत्र के इस स्थलांतर का प्रभाव चक्रवात का रूप ले लेता है इससे जो हल्का दबाव भारत के पूर्वी किनारे को पार करता है वह वहाँ पर भारी वर्षा करता है । कभी-कभी ये चक्रवात उड़ीसा, पश्चिमी बंगाल तथा बांग्लादेश तक पहुँच जाता है । करोमण्डल के किनारे पर होनेवाली वर्षा ऐसे चक्रवातों तथा कम दबाववाले केन्द्रों के कारण होती है ।

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर संक्षिप्त में दीजिए:

प्रश्न 1.
भारत की मुख्य चार ऋतुओं के नाम और समय की जानकारी दीजिए ।
उत्तर:
भारत के दिल्ली स्थित मौसम कार्यालय ने ऋतुओं को चार भागों में बाँटा गया है :

  1. शीत ऋतु (ठंडी) – दिसंबर से फरवरी
  2. ग्रीम ऋतु (गर्मी) – मार्च से मई
  3. वर्षा ऋतु (वर्षा) – जून से सितंबर
  4. निवर्तन ऋतु (लौटती मानसूनी हवाओं की ऋतु) – अक्टूबर से नवंबर

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर आवश्यकतानुसार दीजिए:

प्रश्न 1.
भारत में वर्षा का वितरण समझाइये ।
उत्तर:
भारत की मानसूनी हवाओं की अनिश्चितता और अनियमितता जैसे लक्षण के कारण वार्षिक वर्षा की मात्रा भी घटती-बढ़तीरहती है । वर्षा की ऐसी विषमता राजस्थान, गुजरात, हरियाणा, पंजाब एवं पश्चिमी घाट के वृष्टि छाँयावाले प्रदेशों में अधिक है । ये कम वर्षावाले क्षेत्र है । ऐसे क्षेत्र में 50 से.मी. से कम वर्षा होती है । कम वर्षा प्राप्त करनेवाले क्षेत्रों में अकाल की सम्भावना बढ़ जाती है । दक्खन के पठार में सह्याद्रि के पूर्व आंतरिक क्षेत्रों में कम वर्षा होती है । भारत के पश्चिमी किनारे तथा उत्तर-पूर्व के क्षेत्रों में वार्षिक वर्षा 300 से.मी. से भी अधिक होती है । अधिक वर्षावाले क्षेत्रों में बाढ़ आती रहती है । – इसके अलावा देश के बाकी हिस्सों में साधारण वर्षा होती है । हिमवर्षा हिमालय के क्षेत्रों तक ही सीमित है ।

प्रश्न 2.
भारतीय मानसूनी वर्षा की विशेषताएँ बताइए ।
उत्तर:
मानसूनी पवने देश में एकदम तीव्र गति से उवेश करती है । इससे वर्षा मूसलाधार होती है । भारत के मानसून का समय हवा के दबाव पर निर्भर करता हैं । किसी भी जगह मानसून के दिनों की संख्या निश्चित नहीं होती है । मानसूनी वर्षा कभी लगातार कई दिनों तक होती रहती है, जिससे बाढ़ आ जाती है, तो कभी बीच में समय छोड़कर आती है । मानसूनी वर्षा में समय और स्थान के अनुसार परिवर्तन देखा जा सकता है । किसी वर्ष औसत से अधिक और किसी वर्ष औसत से कम वर्षा होती है । वर्षा संदिग्ध रहती हैं । किसी वर्ष बहुत से भागों में वर्षा होती है तो किसी वर्ष नहीं होती । इस प्रकार भारतीय वर्षा अनिश्चित, अनियमित है, कभी कुछ स्थानों पर अतिवृष्टि तो कभी अनावृष्टि होती है, कभी समय से पूर्व तो कभी समय के बाद होती हैं ।

प्रश्न 3.
अल-नीनो (EI-Nino) की संक्षिप्त जानकारी दीजिए ।
उत्तर:
अल-नीनो स्पेनिश भाषा का शब्द है । उसका शाब्दिक अर्थ ‘छोटा बालक’ होता है । यह नगर पेरू के मछुआरों ने बालक ईस के नाम पर से दिया है, कारण कि सामान्य रूप से उनका प्रभाव नाताल के आसपास दिखाई देता है । वातावरणीय तथा समुद्री असर से दक्षिण अमेरिका के पेरू देश के पश्चिम प्रशान्त महासागर के तट के नजदीक गर्म प्रवाह उत्पन्न होता है । यह प्रवाह पश्चिम की तरफ बहता है और उसका असर भारत तक अनुभव किया जाता है । अल-नीनो नामक विशिष्ट घटना कभी-कभी आकार लेती है । जब भी अल
नीनो घटना घटित होती है तब भारत के वर्षाऋतु समय मर्यादा में तथा बरसात के अनुपात में बड़ा परिवर्तन होता है ।

प्रश्न 4.
आई.टी.सी. झोन (ITCZ) के विषय में जानकारी दीजिए ।
उत्तर:
व्यापारिक पवन जहाँ मिलते हैं, वहाँ विषुववृत्त रेखा पर विशाल निम्न दाब क्षेत्र बनता है, उसे आंतर उष्ण कटिबंधीय अभिसरण क्षेत्र (Inter Tropical Convergence Zone) कहते हैं । ये व्यापारिक पवन वायु प्रवाह स्वरूप में ऊपर उठते हैं । जुलाई मास में यह अभिसरण क्षेत्र 20° से 25° उत्तरी अक्षांशीय प्रदेश के ऊपर स्थिर होता है । भारत में यह गंगा के मैदान के ऊपर केन्द्रित होता है और यहाँ कम दबाव क्षेत्र निर्मित होता है । जिसके कारण दक्षिणी गोलार्ध के महासागरों के ऊपर उत्पन्न होनेवाले ये पवन उत्तर की ओर बहते हैं और भारत के कई भागों में वर्षा होती है । शीतऋतु के दौरान यह अभिसरण क्षेत्र और दक्षिण की ओर खिसकता है, जिससे पवनों की दिशा उत्तर-पूर्व की हो जाती है ।

प्रश्न 5.
भारतीय मौसम विभाग की जानकारी संक्षिप्त में दीजिए ।
उत्तर:
भारतीय मौसम विभाग की स्थापना सन् 1875 में कोलकाता में हुई थी ।

  • इसका मुख्यालय सन् 1905 में पूर्ण और वर्तमान में दिल्ली में स्थानांतरित हुआ था ।
  • इसके अलावा क्षेत्रीय कार्यालय चेन्नई, गुवाहाटी, कोलकाता, मुंबई, पुणे और नागपुर में 6 कार्यालय है । तथा प्रत्येक राज्य की राजधानी में इसके कार्यालय है ।
  • भारतीय मौसम विभाग – कार्यालय हमारे देश के मौसम के बारे में समाचारपत्र, रेडियो, टी.वी., और वेबसाईट द्वारा देता है ।
  • भारतीय मौसम विभाग द्वारा भारत से लेकर अंटार्कटिका तक निरीक्षण केन्द्र स्थापित किये गये है, जिसके आधार पर मौसम की भविष्यवाणी की जाती है ।

प्रश्न 6.
जेट स्ट्रीम की संक्षिप्त में जानकारी दीजिए ।
उत्तर:
दोनों गोलार्ध में लगभग 30 अक्षांश के आसपास 8 से 15 किमी की ऊँचाई के वातावरण में पाइप आकार के पट्टे में अत्यंत गतिशील पवन चलते दिखाई देते हैं, ये पवन ‘जेट स्ट्रीम’ या ‘जेट पवन’ के नाम से पहचाने जाते हैं । जेट स्ट्रीम की औसत गति लगभग प्रतिघंटे 150 कि.मी. है और इस पवन पट्टे के मध्यभाग में पवनों का वेग 400 किमी रहता है और गर्मी में वे प्रायद्विपीय भारत के ऊपर स्थिर होते हैं । अधिक ऊँचाई पर बहनेवाले ये पवन वर्षा लाने में सहायक होते हैं ।

प्रश्न 7.
पश्चिमी विक्षेप (वेस्टर्न डिस्टर्बन्सीज) को संक्षिप्त में समझाइए ।
उत्तर:
पश्चिम एशिया के ऊपर निर्मित जेट स्ट्रीम पूर्व दिशा की ओर बहता है । उसका प्रभाव पश्चिमी एशिया के देशों, उ.पू. भारत, पाकिस्तान तथा अफगानिस्तान पर पड़ता है । इन पवनों के साथ आनेवाले धूलभरे तूफान बांग्लादेश तक प्रभाव दिखाते हैं । ठंडी में उत्तरी भारत के अह्लादक मौसम में ये कभी-कभी विक्षेप डालते हैं । परिणामस्वरूप वहाँ ऊँचे पहाड़ी प्रदेशों में भारी हिमवर्षा तथा मैदानी प्रदेशों में थोड़ी-बहुत बरसात पड़ती है । यह वर्षा रवी की फसल के लिए अत्यंत आशीर्वाद स्वरूप होती है । इसके कारण कभी-कभी गुजरात
में भी ‘बेमौसमी’ बरसात होती है, जिससे कई बार कृषि को हानि पहुँचती है ।

निम्नलिखित प्रश्नों के विस्तार से उत्तर दीजिए:

प्रश्न 1.
भारत के ऋतुचक्र की संक्षिप्त जानकारी दीजिए ।
उत्तर:
हमारे देश में लगभग दो दो महीने के समय दौरान मौसम लगभग एकसमान ही रहता है ।
इस दो-दो महीने के समय को ऋतु कहते हैं । भारत में परम्परागत ढंग से छः ऋतुएँ मानी जाती हैं : हेमंत, शिशिर, वसंत, ग्रीष्म, वर्षा और शरद । इन ऋतुओं में भी पास-पास की दो ऋतओं के मौसम की परिस्थिति में बहत बड़ा अंतर नहीं दिखाई देता है ।

यदि दो-दो ऋतुओं की गणना साथ में कर लें तो वर्ष दौरान कुल तीन ऋतुएँ होंगी :

  1. शीतऋतु
  2. ग्रीष्मऋतु
  3. वर्षाऋतु ।

भारत में स्पष्ट रूप से बदलती हुई ऋतुओं का अनुभव होता है । शीतऋतु के आते ही ठंडी का अनुभव होने लगता है ।
ग्रीष्मऋतु में क्रमशः तापमान में वृद्धि होने लगती है । वर्षाऋतु आते ही हवा में नमी बढ़ने लगती है और वर्षा होती है ।

दिल्ली में स्थित भारत सरकार के मौसम विभाग के कार्यालय ने भारत की जलवायु को ध्यान में रखते हुए समग्र वर्ष को चार ऋतुओं में विभाजित किया है :
(1) शीतऋतु – ठंडी – दिसंबर से फरवरी
(2) ग्रीष्मऋतु – गर्मी – मार्च से मई
(3) वर्षाऋतु – वर्षा – जून से सितंबर
(4) निवर्तन ऋतु – लौटती मानसूनी हवाओं की ऋतु – अक्टूबर से नवंबर

निम्नलिखित शब्दों को समझाइए:

1. जलवायु – किसी निश्चित क्षेत्र में 30 वर्षों या उससे भी अधिक समय के दरम्यान अनुभव की गई ऋतुगत् परिस्थिति के औसत को जलवायु कहते हैं ।
2. मौसम – मानसून अरबी भाषा का शब्द है, जिसका अर्थ मौसम के अनुसार बदलनेवाली हवाओं से है ।
3. आम्रवृष्टि – गर्मी की ऋतु के अन्त में केरल और कर्नाटक राज्यों में जो रिमझिम वर्षा होती है उसे स्थानीय भाषा में आम्रवृष्टि कहते हैं ।
4. वर्षा का क्रम भंग – मानसूनी वर्षा कभी-कभी लगातार कई दिनों तक पड़ती है । बीच में कुछ दिन वर्षा नहीं होती और फिर से वर्षा के दिन आते है । इस घटना को वर्षा का क्रम भंग कहते हैं ।
5. अक्टूबर हीट – अक्टूबर महीने में भारत में दिन का तापमान बढ़ता है । जमीन नमीवाली रहती है । इस प्रकार ऊँचा तापमान और वाष्प के कारण दिन का मौसम बैचेनीवाला बन जाता है, ऐसी परिस्थिति को ‘अक्टूबर हीट’ कहते हैं ।
6. प्री-मानसून – गर्मी की ऋतु के अन्त में केरल तथा कर्णाटक में मानसूनी ऋतु के पहले रिमझिम वर्षा होने लगती है, इसे प्रीमानसून कहते हैं ।
7. मानसून – साधारणत: पवन-प्रवाह की वह किस्म जिसमें चलनेवाली हवाओं की दिशा पूर्णतया एक मौसम से दूसरे मौसम तक विपरीत रहती है । इन हवाओं से ग्रीष्मकाल में बहुत अधिक वर्षा होती है ।
8. मौसमी पवनें – पृथ्वी की सतह पर मौसम के अनुसार दिशा बदलनेवाली पवनों को मौसमी पवने कहते हैं ।
9. मावठु – शीत ऋतु के दरम्यान उत्तरी भारत में बेमौसमी वर्षा होती हैं, उसे मावठु कहते हैं ।
10. ऊष्ण कटिबंधीय अभिसरण क्षेत्र – व्यापारिक पवने जहाँ मिलती है, वहाँ विषुववृत्त रेखा पर विशाल निम्न दाब क्षेत्र बनता है, उसे आंतर उष्ण कटिबंधीय अभिसरण क्षेत्र कहते हैं ।
11. नोर्वेस्टर – उत्तर और उ.पू. भारत के ऊपर हवा का दबाव पूर्व में बिहार तक फैला होता है, जिसके कारण झारखंड और उत्तर उड़ीसा के पठारी प्रदेशीय क्षेत्र कभी-कभी अत्यंत गर्म हो जाते हैं । उसका स्थानीय नाम काल वैशाखी हैं ।
12. लू – पश्चिमी और उ.पू. भारत के शुष्क – भूभागों में धूलभरें तूफान अति सामान्य है । गर्मी में विशेष करके मई महीनों में उत्तरी भारत में अति गर्म पवन चलतें हैं, जो ‘लू’ कहलाते हैं ।

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-दो वाक्यों में दीजिए:

प्रश्न 1.
मौसम बदलने के आधार क्या है ?
उत्तर:
मौसम बदलने का आधार हवा का तापमान, हवा का दबाव, नमी, वर्षा, कोहरा और बादलों का प्रमाण आदि है ।
समय

प्रश्न 2.
मानसूनी जलवायुवाले एशिया के कोई भी चार देशों के नाम लिखिए ।
उत्तर:
एशिया महाद्वीप में भारत, श्रीलंका, बांग्लादेश, पाकिस्तान और म्यानमार आदि मानसूनी जलवायुवाले देश हैं ।

प्रश्न 3.
ऋतु परिवर्तन के क्या कारण है ? ।
उत्तर:
ऋतु परिवर्तन के मुख्य कारण पृथ्वी का सूर्य के चारों ओर परिक्रमण और अपनी धुरी पर झुका हुआ होना है ।

प्रश्न 4.
22 दिसम्बर के दिन दोनों गोलार्डों में किस प्रकार की जलवायु पायी जाती है ?
उत्तर:
22 दिसम्बर के दिन मकर रेखा पर सूर्य की किरणें सीधी पड़ती है, इसलिए दक्षिणी गोलार्द्ध में गर्मी तथा उत्तरी गोलार्द्ध में सर्दी की ऋतु पड़ती है ।

प्रश्न 5.
भारत में दिन बड़े कब और क्यों होते हैं ?
उत्तर:
21 जून के दिन कर्क रेखा पर सूर्य की किरणें सीधी पड़ती है, जिससे दिन बड़े होते हैं ।

प्रश्न 6.
परिभ्रमण और परिक्रमण गति का मानव जीवन पर क्या प्रभाव पड़ता है ?
उत्तर:
परिभ्रमण और परिक्रमण गति का सीधा प्रभाव मानव के भोजन, पोशाक, आवास और आर्थिक प्रवृत्ति पर पड़ता है ।

प्रश्न 7.
राजस्थान के किन जिलों में गर्मी में तापमान अधिक पाया जाता है ?
उत्तर:
राजस्थान के श्रीगंगानगर तथा अलवर में गर्मी में तापमान 51° तक चला जाता है ।

प्रश्न 8.
जलवायु को प्रभावित करनेवाले कारक कौन-कौन-से हैं ?
उत्तर:
पृथ्वी की सतह पर तापमान, वातावरणीय दबाव, पवन, नमी आदि जलवायु को प्रभावित करनेवाले कारक हैं ।

प्रश्न 9.
भारत के मौसम पर कौन-सी घटनाएँ भी प्रभाव डालती है ?
उत्तर:
भारत के मौसम पर जेट स्ट्रीम, अल-नीनो, आई.टी.सी. जोन जैसी घटनाएँ भी प्रभाव डालती है ।

प्रश्न 10.
ऋतु किसे कहते हैं ?
उत्तर:
भारत में दो-दो महीनों के समय दौरान एक-जैसा मौसम रहता है, जिसे ऋतु कहते हैं ।

प्रश्न 11.
भारत में कौन-कौन सी ऋतुएँ पायी जाती है ?
उत्तर:
भारत में हेमंत, शिशिर, वसंत, ग्रीष्म, वर्षा और शरद ऋतुएँ पायी जाती हैं ।

प्रश्न 12.
वर्ष के दौरान कौन-सी तीन ऋतुएँ होती है ?
उत्तर:

  1. शीतऋतु
  2. ग्रीष्मऋतु
  3. वर्षाऋतु ।

प्रश्न 13.
शीतऋतु में राजस्थान और गुजरात में शीतलहर क्यों चलती है ?
उत्तर:
हिमालय में जब हिमवर्षा होती है तब वहाँ से ठंडी और खूब हवा उत्तरी भारत के मैदान की तरफ आती है परिणामस्वरूप उत्तर भारत सहित गुजरात, राजस्थान में शीत लहर चलती हैं ।

प्रश्न 14.
गुजरात में किसके कारण बेमौसमी वर्षा होती है ?
उत्तर:
‘पश्चिमी विक्षोप’ के कारण गुजरात में बेमौसमी वर्षा होती हैं ।

प्रश्न 15.
अल-नीनो की घटना का भारत पर क्या प्रभाव पड़ता है ?
उत्तर:
अल-नीनो की घटना से भारत के वर्षाऋतु की समयमर्यादा तथा बरसात के अनुपात में बड़ा परिवर्तन होता है ।

प्रश्न 16.
जुलाई मास में अभिसरण क्षेत्र कहाँ पर होता है ?
उत्तर:
जुलाई मास में अभिसरण क्षेत्र 20° से 25° उत्तरी अक्षांशीय प्रदेशों के ऊपर होता हैं ।

प्रश्न 17.
गर्मी की ऋतु किसे कहते हैं ?
उत्तर:
भारत में मार्च से मई तक के शुष्क और गर्म मौसमवाले समयकाल को गर्मी की ऋतु कहते हैं ।

प्रश्न 18.
भारत में वर्षाऋतु किन महीनों में होती हैं ?
उत्तर:
भारत में वर्षाऋतु जून से सितंबर महीनों में होती है ।

प्रश्न 19.
नैऋत्य के मानसूनी पवनों की ऋतु किसे कहते हैं ?
उत्तर:
वर्षाऋतु में होनेवाली वर्षा तथा नमीवाली तथा बादल छाया मौसम, भारत की ओर बढ़नेवाले नैऋत्य मानसूनी पवनों का आभारी है, इसलिए इस ऋतु को ‘नैऋत्य के मानसूनी पवन की ऋतु’ कहते हैं ।

प्रश्न 20.
भारत की मानसूनी पवनों को किन दो भागों में बाँटा गया है ?
उत्तर:

  1. अरब सागर से आनेवाली मानसूनी हवाएँ और
  2. बंगाल की खाड़ी पर से आनेवाली मानसूनी पवने ।

प्रश्न 21.
जून से सितंबर तक भारत में वर्षा क्यों होती हैं ?
उत्तर:
जून से सितंबर तक समुद्र पर की मानसूनी पवने भारत पर चलती हैं । ये हवाएँ नमीयुक्त होने के कारण भारत में वर्षा लाती हैं ।

प्रश्न 22.
भारत के पश्चिमी किनारे पर भारी बारिस क्यों होती है ?
उत्तर:
अरब सागर से आनेवाली मानसूनी पवनों के मार्ग में पश्चिमी घाट की पहाड़ियाँ आती है । इस कारण पूरे पश्चिमी घाट पर भारी बारिस होती हैं ।

प्रश्न 23.
गुजरात में वर्षा कम क्यों होती है ?
उत्तर:
गुजरात में बहुत ऊँचे पर्वत या घने जंगल नहीं है, इस कारण इन हवाओं में नमी का पूर्णतः संघनन की संभावना कम रहती है, इस कारण गुजरात में बारिस कम होती हैं ।

प्रश्न 24.
पूर्वी भारत में किन क्षेत्रों में अधिक वर्षा होती है ?
उत्तर:
पूर्वी भारत में मेघालय के गारो, खाँसी, जंयतिया पहाड़ियों के ढ़ालों पर अधिक बारिस होती है ।

प्रश्न 25.
वर्षा का क्रमभंग किसे कहते हैं ?
उत्तर:
मानसूनी वर्षा कुछ दिनों तक एकसाथ पड़ती है, उस समय वर्षा न हों ऐसे भी दिन आते हैं और फिर से वर्षा के दिन आते हैं । इस घटना को वर्षा का क्रमभंग कहते हैं ।

प्रश्न 26.
लौटती मानसूनी पवने किस दिशा में बहती है ?
उत्तर:
लौटती मानसूनी पवने स्थल से जल की ओर चलती हैं ।

प्रश्न 27.
लौटती मानसूनी पवनों की क्या विशेषताएँ है ?
उत्तर:
स्वच्छ आकाश तथा बढ़ता हुआ तापमान लौटती मानसूनी पवनों की ऋतु हैं ।

प्रश्न 28.
कृषि मजदूर शहरों की ओर स्थलांतर क्यों करते हैं ?
उत्तर:
कृषि का कार्य बारहों महीने न होने से कृषि मजदूर शहरों की ओर स्थलांतर करते हैं ।

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर सही विकल्प चुनकर दीजिए:

प्रश्न 1.
जलवायु की गणना …………… वर्ष या उससे भी अधिक समय में की जाती है ।
(A) 5
(B) 25
(C) 35
(D) 40
उत्तर:
(C) 35

प्रश्न 2.
कौन-सा विभाग समग्र देश के दैनिक मौसम का मानचित्र प्रदर्शित करता है ?
(A) जलवायु विभाग
(B) मौसम विभाग
(C) कृषि विभाग
(D) अंतरीक्ष विभाग
उत्तर:
(B) मौसम विभाग

प्रश्न 3.
पृथ्वी अपनी धुरी पर कितनी झुकी हुई है ?
(A) 23.5°
(B) 66.5°
(C) 21°
(D) 30.5°
उत्तर:
(A) 23.5°

प्रश्न 4.
किस दिन मकर रेखा पर सूर्य की किरणें लंबवत् पड़ती है ?
(A) 26 जनवरी
(B) 22 दिसम्बर
(C) 21 जून
(D) 10 फरवरी
उत्तर:
(B) 22 दिसम्बर

प्रश्न 5.
पृथ्वी अपनी कक्षा में कितने अंश का कोण बनाती है ?
(A) 23.50
(B) 66.5°
(C) 32.3°
(D) 28.5°
उत्तर:
(B) 66.5°

प्रश्न 6.
कर्क रेखा पर सूर्य की किरणें किस दिन लम्बवत् पड़ती है ?
(A) 22 दिसम्बर
(B) 21 जून
(C) 15 अगस्त
(D) 26 जनवरी
उत्तर:
(B) 21 जून

प्रश्न 7.
उत्तरी भारत समुद्र तट से दूर होने के कारण वहाँ जलवायु कैसी है ?
(A) समजलवायु
(B) खंडित जलवायु
(C) ठण्डी
(D) गरम
उत्तर:
(B) खंडित जलवायु

प्रश्न 8.
भारत के मध्य से ……………….. रेखा गुजरती है ।
(A) कर्क
(B) मकर
(C) भूमध्य
(D) अयनवृत
उत्तर:
(A) कर्क

प्रश्न 9.
लेह और द्रास में ठंडी की ऋतु में कितना तापमान पाया जाता है ?
(A) 10°
(B) 0°
(C) -150
(D) -45°
उत्तर:
(D) -45°

प्रश्न 10.
भारत में सबसे अधिक वर्षावाला स्थान कौन-सा है ?
(A) चेरापूँजी
(B) मौसीनराम
(C) श्रीगंगानगर
(D) अलवर
उत्तर:
(A) चेरापूँजी

प्रश्न 11.
चौबीस घण्टों में सबसे अधिक वर्षा के लिए प्रसिद्ध स्थान कौन-सा है ?
(A) चैरापूँजी
(B) मैसीनराम
(C) श्रीगंगानगर
(D) अलवर
उत्तर:
(B) मैसीनराम

प्रश्न 12.
दो अक्षांशों के बीच कितने कि.मी. का अंतर पाया जाता है ?
(A) 100
(B) 111
(C) 210
(D) 122
उत्तर:
(B) 111

प्रश्न 13.
इनमें से किस नगर की जलवायु सम है ?
(A) नागपुर
(B) मुंबई
(C) कानपुर
(D) दिल्ली
उत्तर:
(B) मुंबई

प्रश्न 14.
पृथ्वी की सतह से 1000 मीटर ऊँचाई पर ……………….. तापमान घटता हैं ।
(A) 1°
(B) 2.50
(C) 4.7°
(D) 6.5°
उत्तर:
(D) 6.5°

प्रश्न 15.
पृथ्वी से प्रति …………………………. ऊँचाई पर 1° तापमान घटता जाता है ।
(A) 150 मीटर
(B) 165 मीटर
(C) 1000 मीटर
(D) 1.65 मीटर
उत्तर:
(B) 165 मीटर

प्रश्न 16.
भारत में दिसंबर से फरवरी के दरम्यान कौन-सी ऋतु होती है ?
(A) शीत
(B) ग्रीष्म
(C) वर्षा
(D) निवर्तनऋतु
उत्तर:
(A) शीत

प्रश्न 17.
शीतऋतु में दिल्ली में कितना तापमान होता है ?
(A) 10°
(B) 16°
(C) 180
(D) 5°
उत्तर:
(A) 10°

प्रश्न 18.
जेट स्ट्रीम की गति कितनी होती है ?
(A) 150 कि.मी./घण्टा
(B) 400 कि.मी./घण्टा
(C) 250 कि.मी./घण्टा
(D) 350 कि.मी./घण्टा
उत्तर:
(A) 150 कि.मी./घण्टा

प्रश्न 19.
शीतऋतु में किस समुद्री तट पर अधिक वर्षा होती हैं ?
(A) कारोमंडल तट
(B) उत्तरी सिरकार तट
(C) कोंकण तट
(D) मलाबार तट
उत्तर:
(A) कारोमंडल तट

प्रश्न 20.
अलनीनो किस भाषा का शब्द है ?
(A) स्पेनिश
(B) फ्रेंच
(C) अरबी
(D) जर्मन
उत्तर:
(A) स्पेनिश

प्रश्न 21.
भारत में वर्षा ऋतु का आरंभ किस राज्य में होता है ?
(A) केरल
(B) तमिलनाडू
(C) कर्णाटक
(D) पं. बंगाल
उत्तर:
(A) केरल

प्रश्न 22.
भारत का सबसे गर्म महीना कौन-सा है ?
(A) अप्रैल
(B) मई
(C) जून
(D) जुलाई
उत्तर:
(B) मई

प्रश्न 23.
दक्षिण भारत में सबसे गर्म महीना कौन-सा होता है ?
(A) मार्च
(B) अप्रैल
(C) मई
(D) जून
उत्तर:
(A) मार्च

प्रश्न 24.
जून से सितंबर के बीच देश की कितनी वर्षा होती है ?
(A) 20%
(B) 25%
(C) 55%
(D) 80%
उत्तर:
(D) 80%

प्रश्न 25.
पूर्वी भारत में सर्वप्रथम कहाँ पर बारिस होती है ?
(A) असम
(B) पं. बंगाल
(C) मेघालय
(D) त्रिपुरा
उत्तर:
(B) पं. बंगाल

प्रश्न 26.
वर्षाऋतु में भारत में औसतन कितने चक्रवात आते हैं ?
(A) 2
(B) 6
(C) 10
(D) 7
उत्तर:
(B) 6

प्रश्न 27.
भारत में सबसे अधिक वर्षा किस राज्य में होती है ?
(A) असम
(B) मेघालय
(C) केरल
(D) मध्य प्रदेश
उत्तर:
(B) मेघालय

प्रश्न 28.
भारत के किस राज्य में वर्षा सबसे कम होती है ?
(A) राजस्थान
(B) पंजाब
(C) बिहार
(D) असम
उत्तर:
(A) राजस्थान

प्रश्न 29.
अक्टूबर हीट का दूसरा क्या नाम है ?
(A) कुआर का ताप
(B) भादों का ताप
(C) A और B दोनों
(D) इनमें से कोई नहीं
उत्तर:
(C) A और B दोनों

प्रश्न 30.
भारत का मौसम विभाग (कार्यालय) सर्वप्रथम कहाँ पर स्थापित हुआ था ?
(A) दिल्ली
(B) कोलकाता
(C) नागपुर
(D) पूणे
उत्तर:
(B) कोलकाता

प्रश्न 31.
भारत के मौसम विभाग कार्यालय की स्थापना कब हुई थी ?
(A) 1857
(B) 1775
(C) 1875
(D) 1905
उत्तर:
(C) 1875

प्रश्न 32.
पूणे को भारतीय मौसम विभाग का मुख्यालय कब बनाया गया है ?
(A) 1875
(B) 1905
(C) 1910
(D) 1895
उत्तर:
(B) 1905

प्रश्न 33.
वर्तमान में भारत के मौसम विभाग का मुख्यालय किस शहर में स्थित हैं ?
(A) अहमदाबाद
(B) दिल्ली
(C) पूणे
(D) कोलकाता
उत्तर:
(B) दिल्ली

प्रश्न 34.
भारत के अधिकांश राज्यों में वर्षाऋतु कब होती है ?
(A) जून से सितम्बर
(B) जुलाई से अगस्त
(C) जुलाई से अक्टूबर
(D) जून से सितम्बर
उत्तर:
(A) जून से सितम्बर

प्रश्न 35.
भारत का मौसम विभाग कितने मापदण्डों के आधार पर मौसम के विषय में लंबे समय की आगाही कर सकता है ?
(A) 10
(B) 16
(C) 20
(D) 35
उत्तर:
(B) 16

प्रश्न 36.
भारत सरकार का मौसम कार्यालय जिसने भारत की जलवायु को चार ऋतुओं में वर्गीकृत किया है, कहाँ स्थित है ?
(A) देहरादून
(B) दिल्ली
(C) पूणे
(D) चैन्नई
उत्तर:
(C) पूणे

प्रश्न 37.
व्यापारिक हवाओं की गति कितनी होती है ?
(A) 5 कि.मी. प्रति घण्टा
(B) 20 कि.मी. प्रति घण्टा
(C) 30 कि.मी. प्रति घण्टा
(D) 35 कि.मी. प्रति घण्टा
उत्तर:
(C) 30 कि.मी. प्रति घण्टा

38. जब सूर्य कर्कवृत्त पर होता है तो हमारे देश में निम्नभार का केन्द्र होता है ।
(A) पश्चिमी तट पर
(B) छोटा नागपुर के पठार पर
(C) अण्डमान और निकोबार द्वीप समूह पर
(D) उत्तरी-पश्चिमी भारत पर
उत्तर:
(D) उत्तरी-पश्चिमी भारत पर

प्रश्न 39.
दक्षिणी-पश्चिमी मानसून की बंगाल की खाड़ी की शाखा से सबसे अधिक जिस राज्य में वर्षा होती है वह है –
(A) असम
(B) बिहार
(C) उड़ीसा
(D) उत्तर प्रदेश
उत्तर:
(A) असम

प्रश्न 40.
तमिलनाडू तट पर शरदकालीन वर्षा होती है –
(A) चक्रवात से
(B) संवाहनिक क्रिया से
(C) उत्तरी-पूर्वी मानसून से
(D) दक्षिणी-पश्चिमी मानसून से
उत्तर:
(A) चक्रवात से

प्रश्न 41.
देश (भारत) में उच्च वायुदाब केन्द्र किस मौसम में स्थापित होता है ?
(A) ग्रीष्म
(B) शीत
(C) बरसात
(D) इनमें से कोई नहीं
उत्तर:
(B) शीत

प्रश्न 42.
निम्न में से कौन-सा जोड़ा असत्य है ?
(A) ठंडे मौसम की ऋतु – दिसम्बर से फरवरी
(B) गर्म मौसम की ऋतु – मार्च से मई
(C) आगे बढ़ती वर्षाऋतु – जून से अगस्त
(D) वापिस लोटती पवनों की ऋतु – अक्टूबर से नवम्बर
उत्तर:
(C) आगे बढ़ती वर्षाऋतु – जून से अगस्त

प्रश्न 43.
निम्न में से कौन-सा जोड़ा असत्य है ?
(A) सबसे गर्म स्थल – श्रीगंगानगर
(B) सबसे ठण्डा स्थान – द्रास
(C) सबसे अधिक वर्षावाला स्थान – मौसीनरम
(D) सबसे सूखा स्थान – चैरापूँजी
उत्तर:
(D) सबसे सूखा स्थान – चैरापूँजी

प्रश्न 44.
निम्न में से कौन-सा विधान गलत है ?
(A) मौसम शब्द अरबी भाषा से बना है ।
(B) लद्दाख और राजस्थान में 10 c.m. से कम वर्षा होती है ।
(C) प्री मानसून को आम्रवृष्टि भी कहा जाता है ।
(D) चैन्नई में सर्दी अधिक पड़ती है ।
उत्तर:
(D) चैन्नई में सर्दी अधिक पड़ती है ।

उचित शब्दों द्वारा रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए:

1. लम्बे समय की ऋतुगत औसत दशाओं को ……………….. कहते हैं ।
उत्तर:
(जलवायु)

2. …………. वातावरण के कम समय के अंतराल की औसत परिस्थिति है ।
उत्तर:
(मौसम)

3. पृथ्वी अपनी कक्षा पर ……………….. का कोण बनाती है ।
उत्तर:
(66.5°)

4. पृथ्वी की धुरी के झुकाव के कारण ………………… बनती हैं ।
उत्तर:
(ऋतुएँ)

5. 21 जून के दिन ………….. पर सूर्य की किरणें सीधी पड़ती हैं ।
उत्तर:
(कर्कवृत्त)

6. दक्षिण भारत प्रायद्विपीय प्रदेशों में समुद्री किनारे की …………… का अनुभव होता है ।
उत्तर:
(समजलवायु)

7. चेरापूँजी में वार्षिक वर्षा ……………. सेमी होती हैं ।
उत्तर:
(1200)

8. चेरापूँजी और मौसीनराम के बीच …………….. अंतर है ।
उत्तर:
(16 कि.मी.)

9. ……………….. के मरुस्थल में वर्ष दरमियान मात्र 10 से 12 सेमी वर्षा होती है ।
उत्तर:
(राजस्थान)

10. ……….. पर सूर्य कि किरणें सालभर लंबवत् पड़ती हैं ।
उत्तर:
(भूमध्य रेखा)

11. समुद्री किनारे तथा तटीय भागों पर जलवायु ………………… होती हैं ।
उत्तर:
(सम)

12. नमी और ऊँचाईवाले प्रदेशों में जाने पर ……………… बढ़ती हैं ।
उत्तर:
(ठंडी)

13. 22 सितंबर से 21 मार्च तक सूर्य की किरणें …………….. गोलार्द्ध में सीधी पड़ती है ।
उत्तर:
(दक्षिण)

14. शीतऋतु में शिमला में …………….. तापमान होता है ।
उत्तर:
(5°)

15. जेट स्ट्रीम के मध्य भाग में पवनों का वेग ……………….. किमी/घण्टा होता हैं ।
उत्तर:
(400)

16. …………….. वर्षा आम और कॉफी की फसल के लिए उपयोगी होती हैं ।
उत्तर:
(आम्रवृष्टि)

17. बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में ……………….. चक्रवात निर्मित होते हैं ।
उत्तर:
(उष्ण कटिबंधीय)

18. भारतीय किसान …………… की शुरूआत से ही कृषि की प्रवृत्तियों में लगा रहता हैं ।
उत्तर:
(वर्षाऋतु)

19. ………………… की समयावधि लौटती मानसूनी पवनों की ऋतु है ।
उत्तर:
(अक्टूबर-नवम्बर)

20. भारत की जलवायु …………. जलवायु है ।
उत्तर:
(मौसमी)

21. मानसूनी जलवायु …………… और ……………. होती हैं ।
उत्तर:
(अनिश्चित, अनियमित)

22. भारत के कई भागों में वर्ष में …………… बार फसल होती है ।
उत्तर:
(एक)

23. मौसम विभाग का क्षेत्रीय कार्यालय प्रत्येक राज्य की …………. में है ।
उत्तर:
(राजधानी)

24. भारत के मौसम विभाग द्वारा भारत से लेकर …………….. तक निरीक्षण केन्द्र स्थापित कियें है ।
उत्तर:
(अंटार्कटिका)

25. भारत के मौसम विभाग की स्थापना ई.स. ………………… में ……………….. में हुई थी ।
उत्तर:
(1875, दिल्ली )

26. जम्मू-कश्मीर का …………. क्षेत्र कम वर्षावाला है ।
उत्तर:
(लेह)

27. अक्टूबर-नवम्बर के समय को ……………….. कहा जाता है ।
उत्तर:
(संक्रांत)

28. कोरोमण्डल के किनारे होनेवाली वर्षा ……………… तथा ………………. के कारण होती है ।
उत्तर:
(चक्रवातों एवं कम दबाववाले केन्द्रों)

29. ऊँचाई पर स्थित स्थानों पर …………….. छाया रहता हैं ।
उत्तर:
(कोहरा)

30. भारत में सबसे अधिक तापमान ……………….. में अंकित किया गया है ।
उत्तर:
(श्रीगंगानगर)

सही जोड़े मिलाइए:
1.

ऋतु समय
1. शीतऋतु (A) अक्टूबर से नवंबर
2. ग्रीष्मऋतु (B) जून से सितंबर
3. वर्षाऋतु (C) मार्च से मई
4. निवर्तनऋतु (D) दिसंबर से  फरवरी

उत्तर:

ऋतु समय
1. शीतऋतु (D) दिसंबर से  फरवरी
2. ग्रीष्मऋतु (C) मार्च से मई
3. वर्षाऋतु (B) जून से सितंबर
4. निवर्तनऋतु (A) अक्टूबर से नवंबर

2.

(A) विभाग (B) विभाग
1. भारत के मौसम विभाग का कार्यालय (A). दिल्ली
2. सबसे गर्म स्थान (B) श्रीगंगानगर
3. सबसे ठण्डा स्थान (C) द्रास
4. सबसे अधिक वर्षावाला स्थान (D) चेरापूँजी

उत्तर:

(A) विभाग (B) विभाग
1. भारत के मौसम विभाग का कार्यालय (A) दिल्ली
2. सबसे गर्म स्थान (B) श्रीगंगानगर
3. सबसे ठण्डा स्थान (C) द्रास
4. सबसे अधिक वर्षावाला स्थान (D) चेरापूँजी

3.

(A) (B)
1. पृथ्वी का अपनी धुरी पर झुकाव (A) 23.50
2. दो अक्षांशों के बीच अन्तर (B) 111 कि.मी.
3. 1000 मीटर की ऊँचाई पर तापमान में कमी (C) 6.50
4. जुलाई में अभिसरण क्षेत्र (D) 20° से 25° के बीच
5. मुम्बई में वार्षिक वर्षा (E) 200 सेमी
6. पश्चिमी राजस्थान में वार्षिक वर्षा (F) 10 सेमी

उत्तर:

(A) (B)
1. पृथ्वी का अपनी धुरी पर झुकाव (A) 23.50
2. दो अक्षांशों के बीच अन्तर (B) 111 कि.मी.
3. 1000 मीटर की ऊँचाई पर तापमान में कमी (C) 6.50
4. जुलाई में अभिसरण क्षेत्र (D) 20° से 25° के बीच
5. मुम्बई में वार्षिक वर्षा (E) 200 सेमी
6. पश्चिमी राजस्थान में वार्षिक वर्षा (F) 10 सेमी

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