PSEB Solutions for Class 10 Social Science Economics Chapter 2 भारतीय अर्थव्यवस्था की आधारिक संरचना
PSEB 10th Class SST Solutions Economics Chapter 2 भारतीय अर्थव्यवस्था की आधारिक संरचना
भारतीय अर्थव्यवस्था की आधारिक संरचना PSEB 10th Class Economics
- आधारिक संरचना-इससे अभिप्राय उन सुविधाओं, क्रियाओं और सेवाओं से है जो अन्य क्षेत्रों के संचालन तथा विकास में सहायक होती हैं।
- आर्थिक आधारिक संरचना-इससे अभिप्राय उस पूंजी स्टॉक से है जो उत्पादन प्रणाली को प्रत्यक्ष सेवाएं प्रदान करता है।
- यातायात के साधन-रेलवे, रोड यातायात, जल यातायात तथा वायु यातायात ही भारत में प्रमुख यातायात के साधन हैं।
- आर्थिक आधारिक संरचना की सेवाओं के साधन-यातायात एवं संचार, बिजली, सिंचाई, बैंकिंग और अन्य वित्तीय संस्थाएं इसकी सेवाओं के साधन हैं।
- विद्युत् शक्ति के साधन-ताप शक्ति, बिजली व आण्विक शक्ति इसके प्रमुख साधन हैं।
- साहूकार-साहूकार रुपया उधार देने तथा जमा करने का कार्य करता है जिसके लिए अधिक ब्याज लेता है।
- भारतीय रिज़र्व बैंक-यह भारत का केन्द्रीय बैंक है जिसकी स्थापना 1935 में हुई है। 8. व्यापारिक बैंक-सामान्यतया ये बैंक अल्पकालीन ऋण देते हैं।
- उपभोक्ता शोषण-जब उत्पादक उपभोक्ताओं को उत्पादन के गुणों की झूठी सूचनाएं देते हैं, मिलावट करते हैं, कम वज़न या गलत मापों का प्रयोग करते हैं तो इसे उपभोक्ता शोषण कहते हैं।
- उपभोक्ता संरक्षण-उत्पादकों के गैर-व्यापार व्यवहारों के शोषण से उपभोक्ता वस्तुओं के खरीददारों का संरक्षण ही उपभोक्ता संरक्षण है।
- उपभोक्ता सुनवाई की अदालतें-इसके लिए तीन अदालतें हैं-ज़िला अदालत, राज्य अदालत और राष्ट्रीय अदालत।
- सार्वजनिक वितरण प्रणाली-यह एक ऐसी प्रणाली है जिसके द्वारा सरकार देश की जनता विशेषकर निर्धन वर्ग को उचित मूल्य की दुकानों द्वारा जीवन की आवश्यक वस्तुओं जैसे-अनाज, चीनी, मिट्टी का तेल इत्यादि का रियायती कीमतों पर निश्चित मात्रा में वितरण करती है।
- बफर स्टॉक-सरकार द्वारा आवश्यक वस्तुओं का किया गया भण्डार ही बफर स्टॉक कहलाता है।
PSEB 10th Class Social Science Guide भारतीय अर्थव्यवस्था की आधारिक संरचना Important Questions and Answers
वस्तुनिष्ठ प्रश्न (Objective Type Questions)
I. उत्तर एक शब्द अथवा एक लाइन में
प्रश्न 1.
उपभोक्ता कौन होता है?
उत्तर-
जब हम कोई वस्तु खरीदते हैं तो हम उपभोक्ता बन जाते हैं।
प्रश्न 2.
आर्थिक आधारिक संरचना का एक अवयव बताएं।
उत्तर-
सिंचाई।
प्रश्न 3.
भारतीय परिवहन का मुख्य साधन बताएँ।
उत्तर-
रेलवे।
प्रश्न 4.
भारत में सिंचाई के मुख्य दो साधन क्या हैं?
उत्तर-
मानसून तथा नदियां।
प्रश्न 5.
भारतीय रिज़र्व बैंक की स्थापना कब हुई थी?
उत्तर-
1935.
प्रश्न 6.
किसी एक उपभोक्ता संरक्षण कानून का नाम बताएँ।
उत्तर-
उपभोक्ता संरक्षण कानून 1986 ।
प्रश्न 7.
भारतीय रिज़र्व बैंक का कोई एक कार्य लिखें।
उत्तर-
नोट जारी करना।
प्रश्न 8.
भारत का केन्द्रीय बैंक कौन-सा है?
उत्तर-
भारतीय रिज़र्व बैंक।
प्रश्न 9.
भारत की विशिष्ट बैंकिंग संस्था का नाम बताएँ।
उत्तर-
नाबार्ड।
प्रश्न 10.
सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अन्तर्गत दी जाने वाली किसी एक वस्तु का नाम बताएं।
उत्तर-
चीनी।
प्रश्न 11.
अर्थव्यवस्था की एक आधारिक संरचना का नाम लिखो।
उत्तर-
परिवहन।
प्रश्न 12.
स्टॉक एक्सचेंज क्या है?
उत्तर-
जहां शेयर व डिबेंचर खरीदे व बेचे जाते हैं।
प्रश्न 13.
भारत की कोई गैर-बैंकिंग संस्था का नाम बताएँ।
उत्तर-
जीवन बीमा निगम।
प्रश्न 14.
भारत की बहुउद्देशीय योजना का नाम लिखें।
उत्तर-
भाखड़ा नंगल परियोजना।
प्रश्न 15.
भारत में सामुद्रिक यातायात के लिए सार्वजनिक क्षेत्र की किसी बड़ी कम्पनी का नाम लिखें।
उत्तर-
मुग़ल लाइन।
प्रश्न 16.
संचार का मुख्य साधन बताएं।
उत्तर-
दूरभाष।
प्रश्न 17.
भारत में बिजली का मुख्य स्रोत बताएं।
उत्तर-
ताप विद्युत्।
प्रश्न 18.
वाणिज्य बैंक कौन होते हैं?
उत्तर-
जो अल्पकालीन ऋण देते हैं।
प्रश्न 19.
बहुउद्देशीय योजनाओं का एक उद्देश्य बताएं।
उत्तर-
जल विद्युत् का उत्पादन।
प्रश्न 20.
उपभोक्ता संरक्षण कानून 1986 की एक विशेषता बताएं।
उत्तर-
उपभोक्ता की शिकायतों का सरल व सस्ता समाधान।
प्रश्न 21.
सार्वजनिक वितरण प्रणाली की आवश्यकता का एक कारण लिखें।
उत्तर-
अपर्याप्त उत्पादन।
प्रश्न 22.
सिंचाई क्या है?
उत्तर-
कृषि योग्य भूमि को आवश्यक पानी प्रदान करना।
प्रश्न 23.
कुछ आधारिक संरचनाओं के नाम लिखिए।
उत्तर-
परिवहन व संचार के साधन, शक्ति के साधन, सिंचाई के साधन, मौद्रिक तथा वित्तीय संस्थाएं, शिक्षा व चिकित्सा के साधन, आवास तथा नगरीय सेवाएं।
प्रश्न 24.
आर्थिक आधारिक संरचनाओं से क्या अभिप्राय है?
उत्तर-
आर्थिक आधारिक संरचनाएं वे सुविधाएं तथा सेवाएं हैं जो उत्पादन तथा वितरण प्रणाली को प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करती हैं।
प्रश्न 25.
किसी देश की परिवहन प्रणाली से क्या आशय है?
उत्तर-
किसी देश की परिवहन प्रणाली से आशय उन विभिन्न साधनों से है जो एक स्थान से दूसरे स्थान पर लोगों और वस्तुओं को लाते तथा ले जाते हैं। इन साधनों में रेल, सड़क, जल तथा वायु यातायात शामिल हैं।
प्रश्न 26.
संचार के प्रमुख साधनों के नाम लिखिए।
उत्तर-
डाक सेवाएं, तार, टेलीफोन, रेडियो, टेलीविज़न आदि संचार के मुख्य साधन हैं।
प्रश्न 27.
भारत में सामुद्रिक यातायात के लिए सार्वजनिक क्षेत्र की दो बड़ी कम्पनियों के नाम बताइए।
उत्तर-
- भारतीय शिपिंग निगम तथा
- मुगल लाइन।
प्रश्न 28.
भारत की दो बहु-उद्देशीय योजनाओं के नाम लिखिए। .
उत्तर-
- भाखड़ा नंगल परियोजना तथा
- दामोदर घाटी परियोजना।
प्रश्न 29.
भारत की किसी एक विशिष्ट बैंकिंग संस्था का नाम बताइए।
उत्तर-
भारतीय औद्योगिक विकास बैंक।
प्रश्न 30.
भारत की प्रमुख गैर-बैंकिंग संस्थाओं के नाम लिखिए।
उत्तर-
- यूनिट ट्रस्ट तथा
- जीवन बीमा आयोग।
प्रश्न 31.
स्टॉक एक्सचेंज से क्या आशय है?
उत्तर-
स्टॉक एक्सचेंज वे संस्थाएं हैं जहां कम्पनियों के शेयर या डिबेन्चर (साख पत्र) खरीदे और बेचे जाते हैं, इन्हें शेयर बाज़ार भी कहा जाता है।
प्रश्न 32.
भारतीय रिज़र्व बैंक का कोई एक कार्य लिखो।
उत्तर-
नोट जारी करना।
प्रश्न 33.
उपभोक्ता शिक्षा से क्या अभिप्राय है?
उत्तर-
उपभोक्ता शिक्षा से तात्पर्य उस शिक्षा से है जो उपभोक्ता को दी जानी चाहिए, जिससे उपभोक्ता अपनी सीमित आय से अधिकतम सन्तुष्टि प्राप्त कर सके और बाज़ार में व्याप्त बुराइयों से अपने आपको शोषण से बचा सके।
प्रश्न 34.
यातायात के महत्त्वपूर्ण साधनों के नाम दें।
उत्तर-
रेलवे, सड़क, जल, वायु यातायात ही भारत में प्रमुख यातायात साधन हैं।
प्रश्न 35.
विद्युत् शक्ति के साधनों के नाम लिखें।
उत्तर-
ताप शक्ति, बिजली व आण्विक शक्ति इसके प्रमुख साधन हैं।
प्रश्न 36.
सिंचाई के साधन कौन-से हैं?
उत्तर-
वर्षा, कुएं, ट्यूबवैल, तालाब आदि इसके मुख्य साधन हैं।
प्रश्न 37.
भारत के केन्द्रीय बैंक का क्या नाम है?
उत्तर-
रिज़र्व बैंक ऑफ इण्डिया।
प्रश्न 38.
रिज़र्व बैंक ऑफ इण्डिया कब स्थापित किया गया?
उत्तर-
1935 में ।
प्रश्न 39.
व्यापारिक बैंक क्या होते हैं?
उत्तर-
सामान्यतया ये बैंक अल्पकालीन ऋण देते हैं।
प्रश्न 40.
दो गैर-बैंकिंग संस्थाओं के नाम बताएं।
उत्तर-
U.T.I., LI.C.
प्रश्न 41.
उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम कब पारित हुआ?
उत्तर-
1986 में।
प्रश्न 42.
सार्वजनिक वितरण प्रणाली क्या है?
उत्तर-
यह एक ऐसी प्रणाली है जिसके द्वारा सरकार देश की जनता विशेषकर निर्धन वर्ग को उचित मूल्य की दुकानों द्वारा जीवन की आवश्यक वस्तुओं का वितरण करती है।
II. रिक्त स्थानों की पूर्ति
- RBI की स्थापना ………… में हुई । (1945/1935)
- जब हम किसी वस्तु का उपभोग करते हैं तब हम ……….. बन जाते हैं। (उत्पादक/उपभोक्ता)
- उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम ……….. में लागू किया गया। (1985/1986)
- ……….. भारत का केन्द्रीय बैंक है। (SBI/RBI)
- ……….. अल्पकालीन ऋण देता है। (केन्द्रीय बैंक/वाणिज्य बैंक)
- NABARD की स्थापना ………… में की गई। (1982/1999)
- सिंचाई ………… आधारिक संरचना का तत्त्व है। (सामाजिक/आर्थिक)
- ………… देश में नोट जारी करता है। (RBI/SBI)
उत्तर-
- 1935,
- उपभोक्ता,
- 1986
- RBI,
- वाणिज्य बैंक,
- 1982,
- आर्थिक,
- RBI.
III. बहुविकल्पीय
प्रश्न 1.
RBI का कोई एक कार्य बताएं।
(A) नोट जारी करना
(B) सरकार का बैंक
(C) बैंकों का बैंक
(D) उपरोक्त सभी।
उत्तर-
(D) उपरोक्त सभी।
प्रश्न 2.
RBI की स्थापना कब हुई?
(A) 1925
(B) 1935
(C) 1945
(D) 1955.
उत्तर-
(B) 1935
प्रश्न 3.
उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम कब लागू हुआ?
(A) 1980
(B) 1982
(C) 1986
(D) 1988.
उत्तर-
(C) 1986
प्रश्न 4.
NABARD की स्थापना कब हुई?
(A) 1982
(B) 1986
(C) 1988
(D) 1999.
उत्तर-
(A) 1982
प्रश्न 5.
भारत का केन्द्रीय बैंक कौन-सा है?
(A) SBI
(B) PNB
(C) RBI
(D) उपरोक्त सभी।
उत्तर-
(C) RBI
प्रश्न 6.
भारत में आर्थिक आधारिक संरचना का मुख्य तत्त्व कौन-सा है?
(A) बैंकिंग
(B) विद्युत् शक्ति
(C) सिंचाई
(D) उपरोक्त सभी।
उत्तर-
(D) उपरोक्त सभी।
प्रश्न 7.
भारत की विशिष्ट बैंकिंग संस्था कौन-सी है?
(A) क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक
(B) नाबार्ड
(C) Exim बैंक
(D) उपरोक्त सभी।
उत्तर-
(D) उपरोक्त सभी।
छोटे उत्तर वाले प्रश्न (Short Answer Type Questions)
प्रश्न 1.
आधारभूत संरचनाओं की क्या आवश्यकता है?
उत्तर-
किसी देश का राष्ट्रीय उत्पादन केवल वस्तुओं से नहीं बल्कि वस्तुओं तथा सेवाओं दोनों से मिलकर बना होता है। आधारभूत संरचनाएं-परिवहन व संचार के साधन, शक्ति व सिंचाई के साधन, बैंकिंग प्रणाली, शिक्षा तथा प्रशिक्षण सेवाएं, स्वास्थ्य तथा सफ़ाई सेवाएं अर्थ-व्यवस्था को उत्पादन तथा वितरण का आधार प्रस्तुत करती हैं। वस्तुओं के उत्पादन की प्रक्रियाओं के लिए कई प्रकार की सेवाओं की आवश्यकता होती है। इन आधारभूत संरचनाओं के अभाव में किसी अर्थ-व्यवस्था की उत्पादन प्रक्रिया रुक जाएगी।
प्रश्न 2.
एक अर्थ-व्यवस्था में परिवहन के साधनों का क्या महत्त्व है ?
उत्तर-
यातायात अथवा परिवहन के साधनों का आशय मनुष्य को एक स्थान से दूसरे स्थान तक ले जाने से है। प्रत्येक देश की आर्थिक, सामाजिक तथा सांस्कृतिक विकास दर पर परिवहन के साधनों का प्रभाव पड़ता है। परिवहन के साधनों का महत्त्व बताते हुए किसी विद्वान् ने सत्य ही कहा है कि यदि कृषि तथा उद्योग किसी देश की अर्थ-व्यवस्था में शरीर व हड्डियों के समान हैं तो परिवहन के साधन (रेल, सड़कें, जल व वायु आदि) शिराओं एवं धमनियों का कार्य करते हैं।
प्रश्न 3.
भारत में परिवहन के साधन के रूप में रेलवे पर संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए।
उत्तर-
रेलवे लम्बी दूरी के भारी माल के लिए तथा यात्रियों के आवागमन के लिए सबसे ज्यादा सस्ता परिवहन का साधन है। भारत में 16 अप्रैल, 1853 को पहली रेलवे लाइन बम्बई (मुम्बई) से थाणा के बीच बनाई गई। भारतीय रेलवे व्यवस्था एशिया में सबसे बड़ी और संसार में चौथी मानी जाती है। इस समय भारत में रेलवे लाइनों की कुल लम्बाई 62759 किलोमीटर है। भारत में प्रतिदिन 7056 स्टेशनों के बीच 13 हज़ार गाड़ियां चलती हैं जोकि प्रतिदिन औसतन 110.5 लाख सवारियां तथा 6.9 लाख टन सामान ढोती हैं।
प्रश्न 4.
भारत में परिवहन के साधन के रूप में वायु परिवहन पर एक संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए।
उत्तर-
यातायात का सबसे तेज़ तथा महंगा साधन वायु परिवहन है। भारत में वायु परिवहन के लिए सार्वजनिक क्षेत्र की दो कम्पनियां हैं-इण्डियन एयर लाइन्स कारपोरेशन तथा एयर इण्डिया इण्टरनेशनल। सन् 1992 से कई निजी क्षेत्र की कम्पनियां भी स्थापित की गई हैं। भारत में 4 अन्तर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे दिल्ली, मुम्बई, चेन्नई तथा कोलकाता में हैं, जिनका संचालन अन्तर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा प्राधिकरण द्वारा किया जाता है।
प्रश्न 5.
यह क्यों कहा जाता है कि संचार सेवाओं का सम्बन्ध एक अर्थ-व्यवस्था की सामाजिक और आर्थिक संरचनाओं दोनों से होता है?
उत्तर-
आर्थिक संरचनाएं प्रत्यक्ष रूप से किसी अर्थ-व्यवस्था की उत्पादन प्रक्रिया को प्रभावित करती हैं। सामाजिक संरचनाएं परोक्ष रूप से ऐसा करती हैं। संचार सेवाएं किसी अर्थ-व्यवस्था की आर्थिक प्रक्रिया को प्रत्यक्ष तथा परोक्ष रूपों से प्रभावित करती हैं इसलिए संचार सेवाओं को आर्थिक तथा सामाजिक दोनों संरचनाओं में शामिल किया जाता है। – संचार संरचना सामाजिक एवं आर्थिक आधारभूत संरचना दोनों का ही अंग होता है। संचार प्रणाली निवेशकर्ता, उत्पादक एवं उपभोक्ता द्वारा निर्णय लेने की प्रक्रियाओं के लिए महत्त्वपूर्ण सूचनाओं के प्रवाह को ले जाने का कार्य करती हैं। यह बाज़ार के अन्तर्गत हो रहे सभी परिवर्तनों की जानकारी देती है। अतः इस अर्थ में तो संचार संरचना स्वयं उत्पादन प्रक्रियाओं और इस कारण आधारभूत संरचना का ही एक अंग है। किन्तु दूसरी ओर संचार संरचना को शिक्षा की भान्ति एक व्यापक रूप में देखा जा सकता है। उदाहरणार्थ, प्रसारण प्रणाली का उपयोग किया जा सकता है। इस अर्थ में संचार संरचना सामाजिक आधारभूत संरचना का ही अंग बन जाता है।
प्रश्न 6.
भारत में बिजली के मुख्य स्रोतों पर प्रकाश डालिए।
उत्तर-
भारत में बिजली के तीन मुख्य स्रोत हैं —
- ताप विद्युत्- यह बिजली ताप विद्युत् स्टेशनों में कोयले से उत्पन्न की जाती है। भारत में बिजली उत्पन्न करने का यह सबसे प्रमुख स्रोत है। भारत में बिजली की कुल उत्पादन क्षमता में ताप बिजली का भाग 65% प्रतिशत है।
- जल विद्यत-यह बिजली तेजी से बहती हुई नदियों पर ऊंचे डैम बनाकर उनके पानी से उत्पन्न की जाती है। भारत में बहु-उद्देशीय नदी घाटी परियोजनाओं के विकास के साथ-साथ जल विद्युत् का उत्पादन बढ़ता जा रहा है।
- परमाणु विद्युत्-भारत संसार के उन थोड़े-से देशों में है जो परमाणु शक्ति के उत्पादन की क्षमता रखते हैं। भारत में परमाणु शक्ति उत्पादन करने के लिए काफी मात्रा में खनिज उपलब्ध हैं, परन्तु परमाणु विद्युत् का उत्पादन बहुत कम मात्रा में किया जाता है।
प्रश्न 7.
बहु-उद्देशीय योजनाओं से क्या अभिप्राय है ? बहु-उद्देशीय नदी घाटी परियोजनाओं के उद्देश्य बताइए।
उत्तर-
बहु-उद्देशीय योजना-बहु-उद्देशीय योजनाओं से तात्पर्य उन बहुमुखी परियोजनाओं से है जिनका निर्माण एक से अधिक समस्याओं का समाधान करने के लिए किया गया है।
बहु-उद्देशीय योजनाओं के उद्देश्य —
- जल-विद्युत् का उत्पादन।
- सिंचाई की सुविधाएं जुटाना।
- बाढ़ों की रोकथाम करना।
- दलदलों को सुखाना तथा कृषि योग्य भूमि बढ़ाना।
- जल-यातायात की सुविधाएं जुटाना।
- कृत्रिम जलाशयों में मछली पालन करना।
- वृक्षारोपण करना तथा वनों का उचित शोषण करना।
प्रश्न 8.
उपभोक्ता संरक्षण कानून 1986 की मुख्य विशेषताएं बताइए।
उत्तर-
उपभोक्ता संरक्षण कानून 1986 की मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं —
- निजी, सार्वजनिक और सहकारी क्षेत्र के सभी विक्रेताओं पर यह कानून लागू होता है।
- यह कानून उपभोक्ताओं की शिकायतों का सरल और सस्ता समाधान करता है।
- उपभोक्ताओं की शिकायतों का समाधान करने के लिए त्रि-स्तरीय अदालतें स्थापित की गई हैं
(i) जिला फोरम
(ii) राज्य आयोग
(iii) राष्ट्रीय आयोग। - उपभोक्ता अपनी शिकायतें वस्तु के खरीदने के दो साल तक कर सकता है।
प्रश्न 9.
भारत में सार्वजनिक वितरण प्रणाली की आवश्यकता पर एक संक्षिप्त नोट लिखें।
उत्तर-
भारत में सार्वजनिक वितरण प्रणाली की आवश्यकता इसलिए अनुभव की गई, क्योंकि मांग तथा पूर्ति की बाज़ार शक्तियां जीवन की आवश्यक वस्तुओं का सामाजिक दृष्टि से उचित वितरण करने में असमर्थ रहीं। इसके लिए पूर्ति तथा मांग दोनों को प्रभावित करने वाली शक्तियां निम्नलिखित कारणों से ज़िम्मेदार हैं —
- भारत में जीवन की आवश्यक वस्तुओं की पूर्ति तीन कारणों से मांग की तुलना में कम है, जैसे
(i) अपर्याप्त उत्पादन,
(ii) उत्पादन के भण्डारण तथा बिक्री की सुविधाओं की कमी तथा
(iii) जमाखोरी। - भारत में अधिकतर उपभोक्ताओं के निर्धन होने के कारण उनके द्वारा बाजार कीमत पर आवश्यक वस्तुएं खरीदने की सम्भावना कम होती है। इसके फलस्वरूप भुखमरी तथा कुपोषण की बुराइयां उत्पन्न होने की सम्भावनाएं रहती हैं।
प्रश्न 10.
उपभोक्ताओं के शोषण के क्या कारण हैं ?
उत्तर-
- अधिकांश भारतीय अशिक्षित, भाग्यवादी एवं रूढ़िवादी हैं। उपभोक्ता अपने कर्तव्यों का पालन नहीं करते, इसीलिए उत्पादकों व दुकानदारों द्वारा उनका समय-समय पर शोषण किया जाता है।
- उपभोक्ताओं में संगठन व एकता का अभाव है। वे अपने ‘उपभोक्ता आन्दोलन’ में भी सक्रिय भाग नहीं लेते।
- उत्पादक व दुकानदार शासन की निष्क्रियता का लाभ उठाते हैं।
- अधिकांश भारतीय उत्पादकों तथा व्यापारियों का व्यावसायिक स्तर अत्यधिक निम्न है। अधिक लाभ कमाने के लालच में वे अवसर पाते ही उपभोक्ताओं को धोखा देकर उन्हें लूट लेते हैं।
प्रश्न 11.
सार्वजनिक वितरण प्रणाली पर नोट लिखें।
उत्तर-
भारत सरकार देश के निर्धन वर्ग के लिए जीवन की आवश्यक वस्तुओं जैसे गेहूँ, चावल, चीनी, मिट्टी का तेल तथा कपड़े का कम कीमतों पर वितरण कराने के लिए प्रयत्नशील है। अतः इस उद्देश्य के लिए देश में सार्वजनिक वितरण प्रणाली अपनाई गई है। दूसरे शब्दों में, सार्वजनिक वितरण प्रणाली द्वारा सरकार देश की जनता, विशेष रूप से निर्धन वर्ग को उचित कीमत की दुकानों के द्वारा जीवन की आवश्यक वस्तुओं जैसे-अनाज, चीनी, मिट्टी का तेल, मोटे कपड़े आदि की रियायती कीमतों पर निश्चित मात्रा में वितरण करती है।
प्रश्न 12.
भारत में सार्वजनिक वितरण प्रणाली की वर्तमान स्थिति का वर्णन करें।
उत्तर-
सरकार ने आवश्यक वस्तुओं का कम कीमतों पर राशन कार्डों के माध्यम से वितरण करने के लिए लगभग 4.37 लाख उचित कीमत की दुकानें खोली हैं। 1988 में 180 लाख टन तथा 1996-97 में 190 लाख टन अनाज के अतिरिक्त चीनी, मिट्टी का तेल, कोयले तथा मोटे कपड़े का भी वितरण किया जाता है। पहाड़ी तथा सूखे क्षेत्रों की जनसंख्या वालों के लिए चाय, साबुन, दालों और आयोडाईज्ड नमक जैसी वस्तुओं का वितरण करने के लिए नई स्कीम चालू की गई है। इसे संशोधित सार्वजनिक वितरण प्रणाली कहा जाता है। इस प्रणाली के अन्तर्गत भारतीय खाद्य निगम द्वारा विभिन्न राज्यों तथा केन्द्र शासित प्रदेशों को विशेष रियायती दरों पर खाद्यान्नों की पूर्ति की जाती है।
SST Guide for Class 10 PSEB भारतीय अर्थव्यवस्था की आधारिक संरचना Textbook Questions and Answers
I. अति लघु उत्तरात्मक प्रश्न (Very Short Answer Type Questions)
इन प्रश्नों के उत्तर एक शब्द या एक वाक्य में दें
प्रश्न 1.
अधारिक संरचना से क्या अभिप्राय है?
उत्तर-
अर्थ-व्यवस्था के पूंजी स्टॉक का वह भाग जो विभिन्न प्रकार की सेवाएं प्रदान करने की दृष्टि से आवश्यक होता है, अर्थ-व्यवस्था का सहायक ढांचा अथवा आर्थिक संरचना कहलाता है।
प्रश्न 2.
भारत की मुख्य आर्थिक आधारित संरचनाएं कौन-सी हैं?
उत्तर-
(i) परिवहन तथा संचार
(ii) विद्युत् शक्ति
(iii) सिंचाई
(iv) पूर्ति
(v) बैंकिंग तथा वित्तीय संस्थाएं।
प्रश्न 3.
भारत में परिवहन के मुख्य साधन कौन से हैं?
उत्तर-
- रेलवे
- सड़क यातायात
- जल परिवहन
- वायु परिवहन।
प्रश्न 4.
सिंचाई से क्या अभिप्राय है? सिंचाई की आवश्यकता क्यों होती है?
उत्तर-
भूमि को कृत्रिम साधनों द्वारा जल देने को ही सिंचाई कहते हैं।
वर्षा की अनियमितता, वर्षा का असमान वितरण व वर्षा का अनिश्चित काल सिंचाई की आवश्यकता के लिए उत्तरदायी कारक हैं। भारत में वर्षा, ट्यूबवैल, कुएँ, तालाब, नहरें व शक्ति चलित पम्पसैट सिंचाई के मुख्य साधन हैं।
प्रश्न 5.
भारत में बिजली के मुख्य साधन कौन-से हैं?
उत्तर-
- ताप विद्युत्
- जल विद्युत्
- परमाणु विद्युत्।
प्रश्न 6.
कुल कितने व्यापारिक बैंक राष्ट्रीयकरण करे गए हैं?
उत्तर-
सन् 1969 में 14 तथा सन् 1980 में 6 अर्थात् कुल 20 बड़े बैंकों का राष्ट्रीयकरण कर दिया गया है। परन्तु अब इनकी संख्या 19 है।
प्रश्न 7.
भारत के केन्द्रीय बैंक का नाम लिखो।
उत्तर-
भारतीय रिज़र्व बैंक।
प्रश्न 8.
भारत की विशिष्ट बैंकिंग संस्थायें कौन सी हैं?
उत्तर-
- भारतीय औद्योगिक विकास बैंक
- भारतीय औद्योगिक वित्त निगम
- लघु उद्योग विकास बैंक
- सहकारी समितियां
- ग्रामीण क्षेत्रीय बैंक
- राष्ट्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक
- निर्यात-आयात बैंक आदि।
प्रश्न 9.
उपभोक्ता संरक्षण से क्या अभिप्राय है?
उत्तर-
उपभोक्ता संरक्षण से अभिप्राय है उपभोक्ता वस्तुओं के उत्पादकों के अनुचित व्यापार व्यवहारों के कारण होने वाले शोषण से उपभोक्ताओं की रक्षा करना।
II. लघु उत्तरात्मक प्रश्न (Short Answer Type Questions)
इन प्रश्नों के उत्तर संक्षेप में दें
प्रश्न 1.
आधारित संरचना से क्या अभिप्राय है ? इसकी क्या आवश्यकता है?
उत्तर-
आधारित संरचना-आधारित संरचना से आशय उन सुविधाओं, क्रियाओं तथा सेवाओं से है जो अन्य क्षेत्रों के संचालन तथा विकास में सहायक होती हैं।
आधारित संरचना की आवश्यकता वास्तव में, प्रत्येक देश के आर्थिक विकास के लिए आधारित संरचना एक पूर्व शर्त है। इसकी पर्याप्त उपलब्धता विकास का आधार है तथा इसकी अपर्याप्त उपलब्धता विकास में सबसे बड़ी बाधा है।
प्रश्न 2.
भारत की मुख्य आर्थिक आधारित संरचनाएं कौन सी हैं ? वर्णन करो।
उत्तर-
आर्थिक आधारित संरचना से अभिप्राय उस पूंजी स्टॉक से है जो उत्पादन प्रणाली को प्रत्यक्ष सेवाएं प्रदान करता है। दूसरे शब्दों में, आर्थिक आधारित संरचनाएं वे सुविधाएं तथा सेवाएं हैं जो उत्पादन तथा वितरण प्रणाली को प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करती हैं।
भारत की मुख्य आर्थिक आधारित संरचनाएं —
- परिवहन तथा संचार
- शक्ति
- सिंचाई
- मुद्रा पूर्ति
- बैंकिंग तथा अन्य वित्तीय संस्थाएं।
प्रश्न 3.
भारत की मुख्य मौद्रिक संस्थायें कौन सी हैं?
उत्तर-
भारत की मुख्य मौद्रिक संस्थाएं निम्नलिखित हैं —
- साहूकार-ये बहुत अधिक ब्याज लेते हैं।
- भारतीय रिज़र्व बैंक-यह भारत का केन्द्रीय बैंक है।
- व्यापारिक बैंक-ये बैंक प्राय: अल्पकालीन ऋण देते हैं।
- विशिष्ट बैंकिंग संस्थाएं-भारतीय औद्योगिक विकास बैंक, ग्रामीण क्षेत्रीय बैंक, निर्यात-आयात बैंक इत्यादि विशिष्ट बैंकिंग संस्थाएं हैं।
- गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाएं-भारत की मुख्य गैर-बैंकिंग संस्थाएं यूनिट ट्रस्ट तथा जीवन बीमा निगम हैं। 6. स्टॉक एक्सचेंज-ये वे संस्थाएं हैं जहां कम्पनियों के शेयर या डिबेन्चर खरीदे और बेचे जाते हैं।
प्रश्न 4.
उपभोक्ता के शोषण से क्या अभिप्राय है? उपभोक्ता संरक्षण के मुख्य उपाय बतायें।
उत्तर-
उपभोक्ता का शोषण-उपभोक्ता के शोषण से अभिप्राय है, उपभोक्ता वस्तुओं के उत्पादकों के अन्तर्गत व्यापार, व्यवहारों के फलस्वरूप होने वाला शोषण। उत्पादक उपभोक्ताओं का कई प्रकार से शोषण करते हैं, जैसेउत्पादन के गुणों के विषय में झूठी सूचनाएं देना, मिलावट करना, कम वज़न या गलत मापों का प्रयोग करना इत्यादि।
उपभोक्ता संरक्षण के मुख्य उपाय —
- एकाधिकार एवं प्रतिबन्धात्मक व्यापार व्यवहार अधिनियम (1969)-भारत में बड़े उत्पादकों तथा व्यावसायिक समूहों से उपभोक्ताओं तथा छोटे उत्पादकों को संरक्षण देने के लिए 1969 में यह अधिनियम लागू किया गया।
- उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम (1986)-उपभोक्ताओं का सभी स्तर के उत्पादकों से संरक्षण करने के लिए 1986 में उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम पास किया गया। यह अधिनियम 1987 में लागू किया गया है। इसमें उपभोक्ताओं की शिकायतें को कम खर्च पर तथा शीघ्रता से निपटाने के लिए जिला, राज्य व राष्ट्रीय स्तर पर उपभोक्ता विवाद निस्तारण फोरम स्थापित किए गए हैं।
प्रश्न 5.
सार्वजनिक वित्त प्रणाली से क्या अभिप्राय है? भारत में सार्वजनिक वित्त प्रणाली की वर्तमान स्थिति का वर्णन करें।
उत्तर-
सार्वजनिक वित्त प्रणाली-सार्वजनिक वित्त प्रणाली द्वारा सरकार देश की जनता, विशेष रूप से निर्धन वर्ग को उचित कीमत की दुकानों के द्वारा जीवन की आवश्यक वस्तुओं जैसे-अनाज, चीनी, मिट्टी का तेल, मोटे कपड़े आदि का रियायती कीमतों पर निश्चित मात्रा में वितरण करती है।
भारत में सार्वजनिक वित्त प्रणाली के तीन मुख्य अंग हैं —
- न्यूनतम कीमतों पर वसूली-वर्ष 1988 में सरकार ने 140 लाख टन अनाज की वसूली निर्धारित कीमतों पर की थी। वर्ष 2009 में यह वसूली बढ़कर 437 लाख टन हो गई।
- बफर स्टॉक-सार्वजनिक प्रणाली का दूसरा ढंग सरकार द्वारा अनाज, चीनी आदि आवश्यक वस्तुओं का स्टॉक रखना है। इस स्टॉक को बफर स्टॉक कहा जाता है।
- उचित कीमत की दुकानें-सरकार ने आवश्यक वस्तुओं का कम कीमतों पर राशन कार्डों के माध्यम से वितरण के लिए लगभग 4.6 लाख उचित कीमतों की दुकानें खोली हैं।