CTET Notes In Hindi | पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी
पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी
Environment and Ecology
हालांकि यह एक छोटा अध्याय है परन्तु इसके बावजूद परीक्षा के
दृष्टिकोण से इसकी प्रासंगिकता कम नहीं होती है। विगत वर्षों के
प्रश्न-पत्रों का विश्लेषण करने से यह ज्ञात होता है कि इस
अध्याय से वर्ष 2011, 2015 एवं 2016 में केवल 1 प्रश्न पूछा
गया है। CTET परीक्षा में पूछे गए प्रश्न मुख्यतया पर्यावरण संरक्षण
प्रकरण से सम्बन्धित हैं।
8.1 पर्यावरण
पर्यावरण (Environment) शब्द का अर्थ होता है ‘पर्या’ यानि हमारे चारों
ओर, और ‘आवरण’ का अर्थ होता है घेरा अर्थात् जो हमें चारों ओर से घेरे
हुए है उसे ही पर्यावरण कहा जाता है। ये हमारे चारों ओर व्याप्त है और हमारे
जीवन की प्रत्येक घटना इसी के अन्दर सम्पादित होती है। एक जीवधारी और
पर्यावरण के मध्य अन्योन्याश्रय सम्बन्ध भी होता है।
पर्यावरण को अंग्रेजी में Environment कहा जाता है, जिसकी उत्पत्ति फ्रेंच
शब्द एनवायरोनेर (Environer) से हुई है, जिसका अर्थ पड़ोस होता है।
8.1.1.पर्यावरण के घटक
पर्यावरण के मुख्यतया दो घटक होते हैं। प्राकृतिक घटक व मानव निर्मित
घटक।
1. प्राकृतिक घटक (Natural Component) प्राकृतिक घटकों को दो
प्रमुख भागों में विभाजित किया जाता है।
जैविक घटक इसमें सभी प्राणियों जैसे जन्तु जगत् एवं पादप जगत् को
सम्मिलित किया जाता है।
अजैविक घटक इसमें स्थल, जल, वायु, प्रकाश, ताप एवं मृदा आदि
सम्मिलित होते है।
2. मानव निर्मित घटक (Manmade Component) इसके तहत विभिन्न
इमारतों, उद्योग, सड़क, पुल, पार्क एवं संस्कृति आदि को सम्मिलित
किया जाता है।
पर्यावरण के क्षेत्र समस्त पर्यावरण को चार क्षेत्रों में विभाजित किया
जाता है-स्थल मण्डल, जलमण्डल, वायुमण्डल एवं जैव मण्डल।
8.2 पारिस्थितिकी
सर्वप्रथम सन् 1935 में ए जी टैन्शले ने पारिस्थितिक तन्त्र की विचारधारा
का प्रतिपादन किया। पारिस्थितिक तन्त्र के अध्ययन को पारिस्थितिकी
(Ecology) कहा जाता है।
पारिस्थितिक तन्त्र, प्रकृति की क्रियात्मक इकाई होती है, जिसकी प्रकृति
अस्थायी व स्थायी तथा आकार छोटा एवं बड़ा दोनों हो सकते हैं, जैसे
सामुद्रिक पारितन्त्र, वनीय पारितन्त्र, स्वच्छ जलीय पारितन्त्र, मरुस्थलीय
पारितन्त्र इत्यादि उष्ण कटिबन्धीय पारितन्त्र सबसे उत्पादक पारितन्त्र
होता है।
पारिस्थितिकी तन्त्र के घटक
पारिस्थितिक तन्त्र के दो प्रमुख घटक होते हैं-जैविक घटक और अजैविक
घटक।
1. जैविक घटक (Biotic) इसमें उत्पादक (पौधे), उपभोक्ता
(हिरण, गाय, बाघ, लोमड़ी) और अपघटनकर्ता इत्यादि (जीवाणु,
कवक)सम्मिलित होते हैं।
2. अजैविक घटक (Abiotic) इसमें सौर्य प्रकाश, वायु, जल, मृदा
एवं अन्य कार्बनिक पदार्थों को सम्मिलित किया जाता है।
खाद्य श्रृंखला
यह विभिन्न जीवों का एक विशिष्ट क्रम होता है जिसके द्वारा पारितन्त्र में
खाद्य ऊर्जा का प्रवाह होता है। खाद्य ऊर्जा (Food Chain) का प्रवाह एक
दिशीय होता है जिसमें ऊर्जा का मुख्य स्रोत सूर्य है।
लिण्डमेन ने 10% ऊर्जा का रूपांतरण सिद्धान्त प्रतिपादित किया था। जिसके
तहत 90% ऊर्जा की हानि होती है और 10% ऊर्जा का रूपान्तरण हो जाता
है। खाद्य ऊर्जा निम्न प्रकार के प्रतिरूप प्रदर्शित करती है।
सूर्य → उत्पादक → प्राथमिक उपभोक्ता → द्वितीयक उपभोक्ता
→ तृतीयक उपभोक्ता।
इसी प्रकार से खाद्य शृंखलाओं का समूह खाद्य जाल कहलाता है। खाद्य
जाल में ऊर्जा का स्थानान्तरण कई दिशाओं में होता है। खाद्य जाल पृथ्वी
के प्राकृतिक सन्तुलन के लिए अनिवार्य कड़ी माना जाता है।
8.3 पर्यावरण संरक्षण
पर्यावरण की गुणवत्ता में हास होने पर इसका सीधा असर मानवीय
स्वास्थ्य पर पड़ता है तथा जैविक विविधता का भी ह्रास होता है। ऐसे में
मनुष्य का यह दायित्व होता है कि वह पर्यावरण को संरक्षित करे। वैसे यह
भी यथार्थ है कि मानवीय गतिविधियों ने ही पर्यावरण को सर्वाधिक क्षति
पहुँचाई है।
• पर्यावरण संरक्षण (Environment Conservation) के लिए राष्ट्रीय व
अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर अनेक कदम उठाए गए हैं, जैसे-
8.3.1 अन्तर्राष्ट्रीय सम्मेलन
स्टॉकहोम सम्मेलन, 1972 यह पर्यावरण के संरक्षण के सम्बन्ध में
पहला अन्तर्राष्ट्रीय प्रयास था। जिसका सिद्धान्त था ‘एक ही पृथ्वी’ इसी
सम्मेलन में यह घोषणा कि गई प्रत्येक वर्ष 5 जून को विश्व पर्यावरण
दिवस के रूप में मनाया जाएगा।
पृथ्वी सम्मेलन, 1992 यह सम्मेलन पर्यावरण और विकास को केन्द्र में
रखता है। जिसके लिए एक दस्तावेज जारी किया गया, जो एजेण्डा-21 के
नाम से जाना जाता है। इस सम्मेलन में पहली बार सतत विकास, जैव
विविधता संरक्षणों व जल संकट तथा जलवायु परिवर्तन जैसे ज्वलन्त विषयों
पर व्यापक चर्चा की गई थी।
8.3.2. भारत में पर्यावरण संरक्षण
भारत में 19 नवम्बर, 1986 को पर्यावरण संरक्षण अधिनियम, 1986 को
लागू किया गया। यह अधिनियम 1972 में हुए विश्व पर्यावरण पर संयुक्त
राष्ट्र सम्मेलन के घोषणा-पत्रों को लागू करने के लिए प्रतिबद्धता स्वरूप
पारित किया गया था।
8.3.3 पर्यावरण संरक्षण सम्बन्धी प्रमुख आन्दोलन
चिपको आन्दोलन इस आन्दोलन के नेता सुन्दरलाल बहुगुणा थे इस
आन्दोलन में महिलाएँ पेड़ों से चिपककर उनकी रक्षा करती थीं। यह
उत्तराखण्ड के चमोली जिले के गोपेश्वर शहर से प्रारम्भ हुआ।
पर्यावरण संरक्षण के अन्य आन्दोलनों में अप्पिको आन्दोलन प्रमुख है
जिसके प्रणेता पाण्डुरंग हेगड़े थे। यह चिपको आन्दोलन जैसा ही था जिसकी
शुरुआत 1993 में, कर्नाटक में हुई थी।
वनसंरक्षण भारत में वनोन्मूलन के लिए कई कारक उत्तरदायी हैं, जैसे-
कृषि का विस्तार स्थानान्तरित कृषि, जलाने के लिए लकड़ी, लकड़ी उद्योग,
पहाड़ी क्षेत्रों में ढलान पर कृषि, खनन, बड़े-बड़े बाँधों का निर्माण इत्यादि।
ऐसे में वनों के संरक्षण एवं वृक्षारोपण के लिए सरकार ने कई कार्यक्रम
चलाए हैं ताकि वनों को संरक्षित किया जाए। इसी क्रम में वर्ष 2006 में
भारत के जनजाति मन्त्रालय के द्वारा वनों के अधिकार के सम्बन्ध में एक
विधेयक लाया गया जो 31 दिसम्बर, 2007 से प्रभावी हुआ।
8.3.4 पर्यावरण संरक्षण सम्बन्धी पुरस्कार
• इन्दिरा गाँधी पर्यावरण पुरस्कार इसकी शुरुआत 1987 में हुई थी। यह
संगठन या व्यक्तिगत स्तर पर अतुलनीय योगदान के लिए दिया जाता है।
• राजीव गाँधी पर्यावरण पुरस्कार इसकी शुरुआत 1993 में हुई थी। यह
पर्यावरणीय संरक्षण सम्बन्धी योजनाएं लागू करने वाले औद्योगिक संस्थानों
को दिया जाता है।
• विश्व में पर्यावरण संरक्षण के लिए कार्य करने वाली संस्था WWF (वर्ल्ड
वाइल्ड लाइफ फण्ड फॉर नेचर) है। इसके अलावा वैश्विक स्तर पर
पर्यावरणीय सम्बन्धित कार्यक्रमों को क्रियान्वित करने हेतु 1972 में,
संयुक्त राष्ट्र संघ के तत्वावधान में संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम
(UNEP) का गठन किया गया। इसका मुख्यालय नैरोबी में स्थित है।
डॉ जाकिर हुसैन
यह भारत के पूर्व राष्ट्रपति रहे हैं। इन्होंने बच्चों से सम्बन्धित कई कहानियाँ लिखी
हैं। इन्हीं कहानियों में से एक में इन्होंने बच्चों को कठफोड़वा की जीवन शैली के
बारे में बताया है। इन्होंने बच्चों को वनों की प्रासंगिकताओं को भी बताने का कार्य
किया है।
अभ्यास प्रश्न
1. ‘Environment’ शब्द की उत्पत्ति किस
भाषा से हुई है?
(1) अंग्रेजी
(2) फ्रेंच
(3) इटालियन
(4) जर्मन
2. निम्नलिखित में से कौन-सा पर्यावरण
प्राकृतिक घटक में सम्मिलित है
(1) सड़क एवं स्थल
(2) जल एवं वायु
(3) पार्क एवं संस्कृति
(4) मृदा एवं पुल
3. पारिस्थितिक तन्त्र की विचारधारा का
प्रतिपादन किस विद्वान ने किया था?
(1) डार्विन
(2) टैन्शले
(3) 1 और 2 दोनों
(4) उपरोक्त में से कोई नहीं
4. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए।
A. पर्यावरण मानवीय क्रियाकलाप को
अप्रत्यक्ष रूप से ही प्रभावित करता है।
B. फ्रेंच में पर्यावरण का अर्थ आस-पड़ोस
से होता है।
उपरोक्त में से कौन-सा कथन सही है?
(1) केवल A
(2) केवल B
(3) A और B
(4) न तो A और न ही B
5. निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
A. पारिस्थितिक तन्त्र के अध्ययन को
पारिस्थितिकी कहा जाता है।।
B. पारिस्थितिक तन्त्र प्रकृति की क्रियात्मक
इकाई होती है।
C. उष्ण कटिबन्धीय पारितन्त्र सबसे
उत्पादक पारितन्त्र होता है।
(1) A और B
(2) A और C
(3) B और C
(4) A, B और C
6. निम्नलिखित को सुमेलित कीजिए।
जैविक घटक घटक
i. उत्पादक a. लोमड़ी
ii. उपभोक्ता b. कवक
ii. अपघटनकर्ता C. पौधे
a b c
(1) i ii iii
(2) ii iii i
(3) i iii ii
(4) iii ii i
7. खाद्य शृंखला के सम्बन्ध में निम्न कथनों
पर विचार कीजिए।
A. ऊर्जा का मुख्य स्रोत सूर्य है।
B. खाद्य ऊर्जा का प्रवाह एक दिशीय
होता है।
C. यह विभिन्न जीवों का एक क्रम होता है
जिसके द्वारा खाद्य ऊर्जा का प्रवाह
होता है।
उपरोक्त में से कौन-सा कथन सही है?
(1)A और B
(2) A और B
(3) B और C
(4) A, B और C
8. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए।
A. खाद्य शृंखलाओं का समूह खाद्य जाल
कहलाता है।
B.खाद्य जाल में ऊर्जा का स्थानान्तरण
केवल एक दिशा में ही होता है।
C. खाद्य जाल पृथ्वी के प्राकृतिक सन्तुलन
के लिए आवश्यक होता है।
उपरोक्त में से कौन-सा कथन सही है?
(1) A और B
(2) A और C
(3) B और C
(4) A, B और C
9. भारत में वनोन्मूलन के लिए उत्तरदायी
कारक कौन है?
A. कृषि का विस्तार
B. खनन
C. स्थानान्तरित कृषि
D. वृक्षारोपण
उपरोक्त में से कौन-सा कथन सही है?
(1) A और B
(2) B और C
(3) B, Cऔर D
(4) A, B और C
10. निम्नलिखित को सुमेलित कीजिए।
अन्तर्राष्ट्रीय पहल
सम्मेलन
i. स्टॉकहोम a. एक ही पृथ्वी
सम्मेलन, 1972
ii पृथ्वी सम्मेलन, b. एजेण्डा 21
1992
iii. स्टॉकहोम c.5 जून पर्यावरण
सम्मेलन, 1972 दिवस
a b C
(1) 1 2 3
(2) 3 2 1
(3) 2 1 3
(4) 3 1 2
11. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए।
A. पर्यावरण संरक्षण अधिनियम सन् 1986
को लागू किया गया।
B. पृथ्वी सम्मेलन 1992 के केन्द्र में
पर्यावरण और विकास था।
उपरोक्त में से कौन-सा कथन सही है?
(1) केवल A
(2) केवल B
(3) A और B दोनों
(4) न तो A और नहीं B
12. अप्पिको आन्दोलन का सम्बन्ध किस राज्य
से है?
(1) बिहार
(2) उत्तराखण्ड
(3) कर्नाटक
(4) उत्तर प्रदेश
13. जैव विविधता दिवस कब मनाया जाता है?
(1) 22 अप्रैल
(2) 5 जून
(3) 22 मई
(4) 3 अक्टूबर
14. वन महोत्सव किस-किस माह में मनाया
जाता है?
(1) जुलाई और जनवरी
(2) जुलाई और फरवरी
(3) जुलाई और मार्च
(4) जुलाई और अप्रैल
15. निम्नलिखित को सुमेलित कीजिए।
दिवस तिथि
i. पृथ्वी दिवस a. 5 जून
ii. पर्यावरण दिवस b. 22 अप्रैल
iii. पर्यावरण संरक्षण c. 3 अक्टूबर
दिवस
iv. प्रकृति दिवस d. 26 नवम्बर
a b c d
(1) i ii iii iv
(2) ii i iv iii
(3) iv iii ii i
(4) iii i ii iv
विगत वर्षों में पूछे गए प्रश्न
16. किसके नेतृत्व में ‘चिपको आन्दोलन’ को
बल मिला? [CTET June 2011]
(1) एके बैनजी
(2) सुन्दरलाल बहुगुणा
(3) अमृता देवी विश्नोई
(4) मेधा पाटक
17. कक्षा V की पर्यावरण अध्ययन की
पाठ्य-पुस्तक का एक पाठ ‘उसी से ठण्डा
उसी से गर्म’ डॉ जाकिर हुसैन द्वारा लिखी
गई एक कहानी है। उन्होंने बच्चों के लिए
ऐसी कई कहानियाँ लिखी है। अपनी मृत्यु
के समय वे थे [CTET Sept 2015]
(1) भारत के मुख्य न्यायाधीश
(2) भारत के उपराष्ट्रपति
(3) भारत के राष्ट्रपति
(4) भारत के प्रधानमन्त्री
18. “जो व्यक्ति जंगल में कम-से-कम 25 वर्षों
से रह रहे हैं उनका उस जंगल-भूमि पर
और उसमें पैदा होने वाली वस्तुओं पर
अधिकार है।” यह जनादेश किसके द्वारा
दिया गया है? [CTET Sept 2016]
(1) संविधान (अनुसूचित जाति) आदेश (संशोधन)
विधेयक, 2012
(2) भारतीय जंगल अधिनियम, 1927
(3) जंगल अधिकार अधिनियम, 2007
(4) भूमि अधिग्रहण अधिनियम, 1894
उत्तरमाला
1. (2) 2. (2) 3. (2) 4. (1) 5. (4) 6. (2) 7. (4) 8. (2) 9. (4) 10. (1)
11. (3) 12. (3) 13. (3) 14. (2) 15. (2) 16. (2) 17. (3) 18. (3)